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UP: 'बिना उचित कारण अलग रह रही पत्नी गुजारा भत्ता की हकदार नहीं', डिग्री काॅलेज में शिक्षिका है याचिकाकर्ता
Wed, 20 Aug 2025 05:24 AM IST
विजय पुंडीर
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विजय पुंडीर
Updated Wed, 20 Aug 2025 05:24 AM IST
सार
फतेहपुर निवासी मोनिका गुप्ता और अंबर गोयल की शादी पांच फरवरी, 2017 को हुई थी। कुछ दिनों बाद दोनों के बीच संबंध खराब हो गए। इसके बाद पति व उसके परिवार के सदस्यों पर शारीरिक-मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगा मोनिका गुप्ता जून, 2017 से मायके में रहने लगी।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि यदि पत्नी बिना किसी उचित कारण पति से अलग रह रही है तो वह गुजारा भत्ता की हकदार नहीं है। इस टिप्पणी संग कोर्ट ने मोनिका गुप्ता की ओर से दायर आपराधिक पुनरीक्षण अर्जी खारिज कर दी। यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव मिश्रा की एकल पीठ ने दिया।
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फतेहपुर निवासी मोनिका गुप्ता और अंबर गोयल की शादी पांच फरवरी, 2017 को हुई थी। कुछ दिनों बाद दोनों के बीच संबंध खराब हो गए। इसके बाद पति व उसके परिवार के सदस्यों पर शारीरिक-मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगा मोनिका गुप्ता जून, 2017 से मायके में रहने लगी। उन्होंने गुजारा भत्ता के लिए 19 सितंबर, 2018 को पारिवारिक न्यायालय में अर्जी दाखिल की। दावा किया कि उनके पास गुजारा करने के लिए पर्याप्त साधन नहीं हैं। पारिवारिक न्यायालय ने इस आवेदन को खारिज कर दिया। इस पर मोनिका ने हाईकोर्ट में आपराधिक पुनरीक्षण अर्जी दाखिल की।
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पति दो बार ससुराल गया पर नहीं लाैटी
हाईकोर्ट ने पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद पाया कि पत्नी बिना कारण के अलग रह रही थी। साथ ही यह भी पाया कि पति उन्हें लाने के लिए दो बार ससुराल गया लेकिन वह नहीं लौटी। दहेज की मांग के कारण शारीरिक व मानसिक क्रूरता के आरोपों को याची पत्नी साबित करने में विफल रही। इन आधारों पर कोर्ट ने पुनरीक्षण अर्जी खारिज कर दी।
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