GST News : ज्यादा आईटीसी क्लेम करने पर व्यापारियों को मिलेगा नोटिस, पोर्टल से होगी कार्रवाई
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ज्यादा आईटीसी क्लेम करना व्यापारियों को भारी पड़ सकता है। विभाग जांच के दौरान अगर किसी व्यापारी का आईटीसी क्लेम ज्यादा मिला तो उसे नोटिस देगा। जीएसटी नियमावली में बदलाव के बाद नोटिस का जवाब व्यापारियों को सात दिन में देना होगा।
हाल ही में जीएसटी नियमावली में एक बदलाव किया गया है। इसके तहत कारोबारी अवधि विशेष के लिए दाखिल जीएसटीआर-3बी रिटर्न में आईटीसी का दावा करता है और जीएसटीआर-2 बी में उसी टैक्स अवधि से दिख रही आईटीसी से अधिक है तो संबंधित व्यापारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सामान्य तौर पर जीएसटी नियमावली के नियम के 36 (4) के तहत जितनी आईटीसी कारोबारी के जीएसटीएन पोर्टल पर 2बी में प्रदर्शित होती है, उतनी ही आईटीसी अनुमन्य होगी। फिलहाल, यह कार्रवाई सीधे पोर्टल से होगी। इस नोटिस के पार्ट ए में मिसमैच का विवरण होगा।
इस बारे में वरिष्ठ कर एवं वित्त सलाहकार डॉ.पवन जायसवाल का कहना है कि यह नोटिस कारोबारी की पंजीकृत ई-मेल पर भी होगा। नोटिस का जवाब सात दिन में देना होगा। डॉ.पवन जायसवाल ने बताया कि व्यापारी के पास दो विकल्प होंगे। इसमें क्लेम की गई अधिक धनराशि को ब्याज सहित रिवर्स कर दिया जाए। यदि आईटीसी का बकाया उपलब्ध नहीं है तो नकद चालान से उसे जमा कर दिए जाए।
संतोषजनक जवाब न देने पर लग सकता है जुर्माना
इसके अलावा दूसरे विकल्प यह रहेगा कि इस मसले पर संबंधित कारोबारी या फर्म अपना स्पष्टीकरण सात दिन में अपलोड कर दें। यदि कारोबारी का जवाब संतोषजनक नहीं तो उसके खिलाफ ब्याज एवं पेनाल्टी की कार्रवाई हो सकती है। साथ ही उसका जीएसटीआर-1 दाखिल करना ब्लॉक हो जाएगा। कर एवं वित्त सलाहकार प्रतीक मालवीय ने बताया कि अभी तक की व्यवस्था में पान मसाला कारोबार पाउच पैकिंग मशीन, उसकी क्षमता एवं गति के आधार पर टैक्स तय किया गया था। अब इसमें भी बदलाव की अधिसूचना जारी की गई है। पान मसाला मशीन का पूरा विवरण जीएसटी पोर्टल पर होगा। इससे यूनीक आईडी पोर्टल पर जनित हो जाएगा।