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Prayagraj News: कूटरचित बैंक ड्राफ्ट देने पर चार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
Tue, 10 Mar 2026 02:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
Updated Tue, 10 Mar 2026 02:14 AM IST
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घूरपुर थाने में कूटरचित बैंक ड्राफ्ट दिए जाने की शिकायत पर पुलिस ने तीन नामजद व एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
इरादतगंज गांव निवासी शिव नारायण यादव ने तहरीर देकर आरोप लगाया है कि गिरीश कुमार सिंह निवासी ग्राम शम्भूचक पोस्ट टप्पा चौरासी थाना मेजा, चन्द्रभान सिंह उर्फ डाॅक्टर ददरी तालुक नैनी, शिलवंत यादव निवासी अमिलिया और अज्ञात ने नौ लाख रुपये का कूटरचित बैंक ड्राफ्ट दिया था।
शिकायतकर्ता जब बैंक पहुंचा तो कर्मियों ने यह कहकर वापस कर दिया कि बैंक ड्राफ्ट का खाता बंद है। पीड़ित जब दिए गए कूटरचित ड्राफ्ट के बैंक शाखा पहुंचा तो संबंधित प्रबंधक ने बताया कि उक्त बैंक ड्राफ्ट कूटरचित है।
पीड़ित ने बताया कि पहले आरोपियों ने आठ लाख रुपये का चेक दिया था। खाते में नकदी नहीं होने पर उसने कोर्ट में शिव नारायण बनाम गीता सिंह पत्नी गिरीश कुमार सिंह के नाम परिवाद दाखिल किया। इस पर आरोपी के खिलाफ न्यायालय ने समन जारी किया गया। आरोप है कि इसके बाद आरोपी अपने साथियों और वकील के साथ बाबा ढाबा पर पहुंचे और समझौते के लिए शिकायतकर्ता को बुलाया।
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बाद में उन्होंने आठ लाख रुपये का चेक लेते हुए नौ लाख का कूटरचित बैंक ड्राफ्ट दिया था। मामले में पुलिस ने आरोपी गिरीश कुमार सिंह, चन्द्रभान सिंह उर्फ डाॅक्टर, शिलवंत यादव व एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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इरादतगंज गांव निवासी शिव नारायण यादव ने तहरीर देकर आरोप लगाया है कि गिरीश कुमार सिंह निवासी ग्राम शम्भूचक पोस्ट टप्पा चौरासी थाना मेजा, चन्द्रभान सिंह उर्फ डाॅक्टर ददरी तालुक नैनी, शिलवंत यादव निवासी अमिलिया और अज्ञात ने नौ लाख रुपये का कूटरचित बैंक ड्राफ्ट दिया था।
शिकायतकर्ता जब बैंक पहुंचा तो कर्मियों ने यह कहकर वापस कर दिया कि बैंक ड्राफ्ट का खाता बंद है। पीड़ित जब दिए गए कूटरचित ड्राफ्ट के बैंक शाखा पहुंचा तो संबंधित प्रबंधक ने बताया कि उक्त बैंक ड्राफ्ट कूटरचित है।
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पीड़ित ने बताया कि पहले आरोपियों ने आठ लाख रुपये का चेक दिया था। खाते में नकदी नहीं होने पर उसने कोर्ट में शिव नारायण बनाम गीता सिंह पत्नी गिरीश कुमार सिंह के नाम परिवाद दाखिल किया। इस पर आरोपी के खिलाफ न्यायालय ने समन जारी किया गया। आरोप है कि इसके बाद आरोपी अपने साथियों और वकील के साथ बाबा ढाबा पर पहुंचे और समझौते के लिए शिकायतकर्ता को बुलाया।
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बाद में उन्होंने आठ लाख रुपये का चेक लेते हुए नौ लाख का कूटरचित बैंक ड्राफ्ट दिया था। मामले में पुलिस ने आरोपी गिरीश कुमार सिंह, चन्द्रभान सिंह उर्फ डाॅक्टर, शिलवंत यादव व एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।