फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Fastag will save 390 hours of 47 thousand vehicles daily

फास्टैग से 47 हजार वाहनों के रोजाना बचेंगे 390 घंटे

Wed, 27 Nov 2019 12:45 AM IST
इलाहाबाद ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज
अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज Published by: इलाहाबाद ब्यूरो Updated Wed, 27 Nov 2019 12:45 AM IST
विज्ञापन
Fastag will save 390 hours of 47 thousand vehicles daily
FASTag Toll Tax

पहली दिसंबर से राष्ट्रीय राजमार्गों के हर टोल प्लाजा पर फास्टैग डिवाइस से इलेक्ट्रानिक टोल कलेक्शन(ईटीसी) आरंभ होने पर पैसा, परिश्रम और वक्त तीनों की बचत होगी।

विज्ञापन


राजपथों पर ध्वनि, वायु प्रदूषण भी कम होगा। फास्टैग डिवाइस लगने के बाद एनएच-2 यानी कोखराज-हंडिया-लालानगर रूट पर छह टोल प्लाजा से प्रतिदिन गुजरने वाले 5677 से अधिक वाहनों के औसतन 390 घंटे बच सकेंगे। इसी तरह 25-30 हजार रुपये के हर रोज ईंधन की भी बचत हो सकेगी।
विज्ञापन


फास्टैग से टोल कलेक्शन की नई व्यवस्था पहली दिसंबर से ललागू करने के लिए एनएचएआई ने एडी-चोटी का जोर लगा दिया है। फिलहाल टोल विंडो पर फास्टैग की उपलब्धता में भारी कमी होने की वजह से अभी तक 35 फीसदी ही वाहनों में यह सुविधा दी जा सकी है। ऐसे में तय अवधि तक इलेक्ट्रानिक टोल कलेक्शन पूर्णतया लागू हो पाएगा, अभी कहना जल्दबाजी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय ने एक दिसंबर से टोल प्लाजा पर टैक्स वसूलने के लिए ईटीसी स्मार्ट प्रणाली लागू करने का फैसला किया है। इस टोल कलेक्शन सिस्टम के फायदे ही फायदे गिनाए जा रहे हैं। आकलन के मुताबिक जाम या कोई अन्य वजह सन होने पर सामान्य यातायात के दौरान एक प्लाजा पर टोल टैक्स पर्ची कटवाने में कम से कम पांच मिनट का समय वाहन चालक को लगता है।

एनएचएआई के आंकड़े के मुताबिक एनएच-2 पर प्रतिदिन 46 से 48 हजार वाहनों से टोल टैक्स वसूला जाता है। इन वाहनों में पासटैग डिवाइस लगने पर बिना रुकेयात्रा में कुल 390 घंटे बच सकेंगे। फिलहाल एनएच-2 को छह टोल बरियरों पर बैरियर पर रीडर लगा दिए गए हैं। इसके अलावा फास्टैग विंडो भी खोल दी गई है।

लेकिन, इस लंबी कवायद के बाद भी एक दिसंबर से नई व्यवस्था लागू हो पाएगी, यह कहना मुश्किल होगा। इसलिए कि फास्टैग मिल ही नहीं रहे हैं। ज्यादातर टोल प्लाजा की लेन में अभी इटीसी भी नहीं लगाया जा सका है। इटीसी की भी कमी है। इसके लिए एनएचएआई के परियोजना निदेशक एके राय ने मंगलवार को मुख्यालय के अफसरों से बात की, लेकिन समाधान नहीं निकल सका।

एक लेन कैश टोल कलेक्शन के लिए छोड़ने की तैयारी
प्रयागराज। टोल बैरियरों पर फास्टैग की कमी बरकरार है। एनएचएआई के अफसर भी मानने लगे हैं कि एक दिसंबर से पूर्ण रूप से हर टोल प्लाजा पर ईटीसी लागू नहीं हो सकेगी। ऐसे में एक लेन कैश टोल कलेक्शन के लिए छोड़ी जाएगी, ताकि लोगों को असुविधा का सामना न करना पड़े।


फास्टैग डिवाइस से जुड़ने के बाद वाहनों के समय के साथ ही ईंधन की भी भारी बचत होगी। फिलहाल फास्टैग की कमी बनी हुई है। इसे दूर कराने की कोशिश की जा रही है, ताकि नई व्यवस्था समय से सुचारू रूप से लागू हो सके। एके राय, परियोजना निदेशक, एनएचएआई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed