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पहले साथ छूटा, जब दुनिया छोड़ी तब भी नहीं मिल पाए अपने
Wed, 15 Apr 2020 01:17 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला ब्यूरो,प्रयागराज
अमर उजाला ब्यूरो,प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 15 Apr 2020 01:17 AM IST
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prayagraj news
- फोटो : news
कोरोना वायरस का खौफ इतना बढ़ गया है कि एक युवक के परिजन उसके अंतिम दर्शन तक नहीं कर सके। मुंबई से लाए गए दशरथ के शव को प्रशासन ने सीधे श्मशान घाट पर ले जाकर दफना दिया। शव लाने वाले रिश्तेदार को आइसोलेट कर दिया गया है।
घूरपुर थाना क्षेत्र की कर्मा पुलिस चौकी अंतर्गत बरौली गांव के रहने वाला दशरथ भारतीया मुंबई कमाने गया था। बताया जाता है कि होली के दिन से ही दशरथ की तबीयत खराब थी। दो दिन पहले हुई मौत की खबर घर पहुंची तो कोहराम मच गया। मंगलवार देर शाम शव को मुंबई से उसके पैतृक गांव लाया गया। कोरोना संक्रमण को लेकर एहतियात बरतते हुए प्रशासन ने शव को घर न ले जाकर सीधे घूरपुर स्थित मोहनी का पूरा श्मशान घाट पर दफना दिया। इस दौरान सीएचसी अधीक्षक तरुण पाठक के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम मौजूद रही। उधर मृतक के घर पर पुलिस तैनात कर दी गई और शव ले आने वाले रिश्तेदार को आइसोलेट कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग की जांच टीम गांव में नजर बनाए हुए है।
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घूरपुर थाना क्षेत्र की कर्मा पुलिस चौकी अंतर्गत बरौली गांव के रहने वाला दशरथ भारतीया मुंबई कमाने गया था। बताया जाता है कि होली के दिन से ही दशरथ की तबीयत खराब थी। दो दिन पहले हुई मौत की खबर घर पहुंची तो कोहराम मच गया। मंगलवार देर शाम शव को मुंबई से उसके पैतृक गांव लाया गया। कोरोना संक्रमण को लेकर एहतियात बरतते हुए प्रशासन ने शव को घर न ले जाकर सीधे घूरपुर स्थित मोहनी का पूरा श्मशान घाट पर दफना दिया। इस दौरान सीएचसी अधीक्षक तरुण पाठक के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम मौजूद रही। उधर मृतक के घर पर पुलिस तैनात कर दी गई और शव ले आने वाले रिश्तेदार को आइसोलेट कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग की जांच टीम गांव में नजर बनाए हुए है।
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