{"_id":"5cd1d9e3bdec2207186a4f33","slug":"dr-shivakant-of-prayagraj-got-marry-quiry-award","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रयागराज के डॉ. शिवाकांत को मैरी क्यूरी अवार्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रयागराज के डॉ. शिवाकांत को मैरी क्यूरी अवार्ड
Wed, 08 May 2019 12:47 AM IST
विनोद सिंह
Prayagraj
Prayagraj
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 08 May 2019 12:47 AM IST
विज्ञापन
डॉ. शिवाकांत
- फोटो : Prayagraj
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संगमनगरी के खाते में एक और बड़ी उपलब्धि आई है। प्रयागराज के रहने वाले डॉ. शिवाकांत शुक्ल को स्पर्म मोटिलिटी में उनके शोध के लिए यूरोपियन यूनियन ने ‘मैर क्यूरी इंडिविज्युअल अवार्ड’ से सम्मानित किया है। इस अवार्ड की प्रतिष्ठा इसी से आंकी जा सकती है कि अब तक विश्व के नौ मैरी क्यूरी फेलो को नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है।
विज्ञापन
डॉ. शिवकांत वर्तमान में बॉम्बे आईआईटी में रिसर्च वैज्ञानिक हैं। मूलत: करछना के छरिबना गांव के रहने वाले डॉ. शिवाकांत ने बीएससी और भौतिकी में एमएससी की पढ़ाई इलाहाबाद विश्वविद्यालय से ही की। उनके पिता गिरजा शंकर शुक्ल पुलिस विभाग से रिटायर हो चुके हैं। डॉ. शिवाकांत ने आईआईटी बॉम्बे में रिसर्च वैज्ञानिक रहते हुएएक ऐसी बायो चिप तैयार की है जो पुरुष के स्पर्म की जांच मिनटों में करते हुए संतान न होने की वजह बता देगी। इस वर्ष यह अवार्ड विश्व भर के 14 रिसर्च वैज्ञानिकों को मिला है।
विज्ञापन
शिवाकांत के प्रोजेक्ट माइक्रो एफएसएमए को टेक्नोलॉजी सेक्शन में सर्वाधिक 92 फीसदी और शोध प्रोजेक्ट को 88 फीसदी रेटिंग दी गई है। इस प्रोजेक्ट के तहत डॉ. शिवाकांत फ्रांस के चेरी बायोटेक में एक सूक्ष्म बायोचिप का निर्माण करेंगे, जो पुरुष की स्पर्म मोटिलिटी की जांच करेगी। इससे पहले डॉ. शुक्ला जेएई सीएसआईसी प्रिंडाक स्कॉरशिप से सम्मानित किए जा चुके हैं। उन्होंने स्पेन के सीएसआईसी में डॉक्ट्रेक्ट की उपाधि प्राप्त की है।
विज्ञापन