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Prayagraj News: देवकुंड नाथ धाम... यहां अनवरत बहती है जलधारा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 16 Nov 2025 02:54 AM IST
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Devkund Nath Dham... Here the water stream flows continuously.
मांडा ब्लॉक के कोषड़ा कला गांव में स्थित बाबा देवकुंड नाथ धाम न केवल आस्था का केंद्र है बल्कि यहां प्रकृति, परंपरा और लोक आस्था का अनोखा संगम देखने को मिलता है।
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गांव के किनारे स्थित पहाड़ी पर बसे शिवधाम की पीपल की जड़ों से दशकों से मीठे जल की धारा बह रही है। मांडा से कोरांव मार्ग पर स्थित शिव मंदिर का रास्ता सावन माह में हरियाली से ढका रहता है। ग्रामीणों ने बताया कि पेड़ के नीचे न तो कोई नलकूप है न ही पाइपलाइन। फिर भी धारा प्रवाह निरंतर होता रहता है।
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गांव के बुजुर्गों ने बताया कि पौराणिक कथाओं के मुताबिक यह स्थान पांडवों के अज्ञातवास से जुड़ा रहा है और इसी से जुड़ी एक अर्जुन-बाण की कथा भी लोकप्रिय है। जिस वजह से इसे देवकुंड कहा गया। प्रत्येक सोमवार और तेरस पर धाम में श्रद्धालुओं का जमावड़ा रहता है। मांडा क्षेत्र के लोगों ने प्रदेश सरकार से पर्यटन स्थल घोषित कर बाबा देवकुंड नाथ धाम को विकसित करने की मांग की है।
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बोले ग्रामीण
क्षेत्र के लोगों के सहयोग से मंदिर परिसर में काफी कार्य कराए गए हैं, अगर सरकार इस धाम को पर्यटन के दृष्टिकोण से विकसित करे तो क्षेत्र का धार्मिक के साथ-साथ व्यापारिक महत्व भी बढ़ेगा। - रविशंकर पांडेय।
प्राकृतिक सौंदर्य के बावजूद बाबा देव कुंड नाथ धाम अभी तक शासन-प्रशासन की नजरों से दूर है। अगर यहां बुनियादी सुविधाएं जैसे शौचालय, पेयजल, बैठने की कुर्सी होनी चाहिए। साथ ही इसे धार्मिक पर्यटन के नक्शे पर भी स्थान दिया जाना चाहिए। -महेश प्रताप सिंह
देवकुंड नाथ धाम मांडा क्षेत्र की विरासत का जीता-जागता उदाहरण है। शासन को धाम को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करना चाहिए। - विपिन मिश्रा, व्यवसायी भारतगंज
आस्था और प्राकृतिक सौंदर्य से सराबोर यह स्थल शासन की निगाह से दूर है। बाबा देवकुंड नाथ धाम में पर्यटन की असीमित संभावना है। सरकार को मांडा और कोरांव के बीच इस स्थल के सौंदर्यीकरण पर ध्यान देना चाहिए। - रामकृष्ण त्रिपाठी, सामाजिक कार्यकर्ता

बोले अफसर
मांडा में स्थित देवकुंड नाथ धाम मंदिर पर्यटक स्थल के रूप में होना चाहिए। इसको लेकर जिला प्रशासन को पत्राचार किया जाएगा। पीपल की जड़ से निकली जलधारा बेहद अलौकिक है। - सुरेंद्र प्रताप यादव उप जिलाधिकारी मेजा।
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