{"_id":"58a8a4d64f1c1b815fd853c2","slug":"hanicaped-girl-rape-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"महिला डॉक्टर की बेरहमी से व्यथित हैं माता-पिता","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
महिला डॉक्टर की बेरहमी से व्यथित हैं माता-पिता
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sun, 19 Feb 2017 01:38 AM IST
विज्ञापन
रास्ते के विवाद में गई महिला की जान
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गैंगरेप की शिकार बालिका के माता-पिता भी डफरिन अस्पताल की महिला डॉक्टर की बेरहमी से बेहद व्यथित हैं। बेटी के साथ दरिंदगी से परिजनों को डॉक्टर की संवेदनहीनता ने स्तब्ध कर दिया। बालिका की मां ने बताया कि वह बाहर फेंकने की धमकी से इस कदर घबरा गई कि बेटी के इलाज के लिए डॉक्टर के सामने हाथ जोड़कर रोने लगी। पुलिस अधिकारियों ने हस्तक्षेप नहीं किया होता तो शायद डॉक्टर उनकी बेटी को बाहर ही कर देती। परिवार के लोग चाहते हैं कि महिला होने के बावजूद ऐसी बेरहमी करने वाली डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई जरूर की जाए ताकि फिर कभी वह किसी मरीज के साथ ऐसा सुलूक नहीं कर सके।
बालिका की मां ने बताया कि अतरसुइया और महिला थाने की पुलिस के साथ वह मंगलवार शाम करीब चार बजे बेटी को लेकर डफरिन अस्पताल पहुंची। बेटी दर्द से कराह रही थी। उसके कपड़े खून से तर थे। पुलिसवाले भी उसकी दशा देख चिंतित थे। मगर डफरिन की महिला डॉक्टर ने ऐसा व्यवहार किया कि सभी सन्न रह गए। उसने पहले तो इलाज करने से ही मना कर दिया और कहा कि इसे यहां से ले जाओ, यह सीरियस केस है। बहुत मिन्नत करने पर डॉक्टर ने बेटी को टांका लगाया।
मगर उसने फिर सख्ती से कहा कि लड़की को फौरन एसआरएन अस्पताल ले जाओ वरना उसे बाहर फेंक दिया जाएगा। यह सुनकर बालिका की मां घबराकर रोने लगी तो महिला थाना प्रभारी कल्पना गौतम ने एसपी सिटी विपिन टाडा को फोन किया जिन्होंने सीएमओ से बात की तब बालिका को रात भर वही%E
विज्ञापन
विज्ञापन
बालिका की मां ने बताया कि अतरसुइया और महिला थाने की पुलिस के साथ वह मंगलवार शाम करीब चार बजे बेटी को लेकर डफरिन अस्पताल पहुंची। बेटी दर्द से कराह रही थी। उसके कपड़े खून से तर थे। पुलिसवाले भी उसकी दशा देख चिंतित थे। मगर डफरिन की महिला डॉक्टर ने ऐसा व्यवहार किया कि सभी सन्न रह गए। उसने पहले तो इलाज करने से ही मना कर दिया और कहा कि इसे यहां से ले जाओ, यह सीरियस केस है। बहुत मिन्नत करने पर डॉक्टर ने बेटी को टांका लगाया।
विज्ञापन
मगर उसने फिर सख्ती से कहा कि लड़की को फौरन एसआरएन अस्पताल ले जाओ वरना उसे बाहर फेंक दिया जाएगा। यह सुनकर बालिका की मां घबराकर रोने लगी तो महिला थाना प्रभारी कल्पना गौतम ने एसपी सिटी विपिन टाडा को फोन किया जिन्होंने सीएमओ से बात की तब बालिका को रात भर वही%E
विज्ञापन