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प्रयागराज : छह हजार कैमरों से लैस हुआ कमिश्नरेट, चप्पे-चप्पे पर नजर, देहात में भी निगरानी

Fri, 08 Sep 2023 12:41 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Fri, 08 Sep 2023 12:41 PM IST
सार

सेफ सिटी परियोजना के तहत इस बात के मुकम्मल इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं कि सभी संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएं। इसके तहत सरकारी कैमरे तो लगवाए ही गए, व्यापारियों से संपर्क कर उनसे अपने प्रतिष्ठानों के बाहर भी कैमरे लगवाने की अपील की गई।

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Commissionerate equipped with 6,000 cameras, keeping an eye on everything, surveillance in the countryside too
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : pixabay

विस्तार

कमिश्नरेट में अब अपराधियों की खैर नहीं। छह हजार सीसीटीवी कैमरों से लैस इस शहर में अपराधियों का पुलिस से बचकर निकलना टेढ़ी खीर होगा। पिछले नौ महीनों में ही कमिश्नरेट में चार हजार कैमरे लगवाए गए हैं। दो हजार सर्विलांस कैमरों से शहरी क्षेत्र में पहले ही निगरानी चल रही है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्र के इलाके भी इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईट्रिपलसी) की जद में जल्द ही आ सकते हैं।

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सेफ सिटी परियोजना के तहत इस बात के मुकम्मल इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं कि सभी संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएं। इसके तहत सरकारी कैमरे तो लगवाए ही गए, व्यापारियों से संपर्क कर उनसे अपने प्रतिष्ठानों के बाहर भी कैमरे लगवाने की अपील की गई। पुलिस ने उन्हें इसके फायदे बताए और इस तरह से नौ महीनों में कुल 3901 कैमरे लगवाए गए। खासतौर से ग्रामीण क्षेत्र के बाजार, स्कूल-कॉजेज व अन्य महत्वपूर्ण संस्थानों के बाहर कैमरे लगवाने पर विशेष जोर दिया गया।

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आईट्रिपलसी से जोड़ने की तैयारी

यही वजह रही कि करीब चार हजार सीसीटीवी कैमरे इस अवधि में इंस्टाल कराए गए। इस कवायद का नतीजा यह हुआ कि अब पुलिस करीब छह हजार कैमरों से चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा रही है। योजना यह भी है कि इन कैमरों को भी आईट्रिपलसी से जोड़ा जाए। इससे इन कैमरों से मिलने वाली फीड को भी जरूरत पड़ने पर आईट्रिपलसी से देखा जा सकेगा और उसी हिसाब से मुख्यालय पर बैठे अफसर दूर-दराज के क्षेत्रों में भी अपराधियों पर कार्रवाई के लिए त्वरित निर्णय ले सकेंगे। पुलिस आयुक्त रमित शर्मा का कहना है कि अभी और भी कैमरे लगवाए जाने हैं। इस काम में तेजी लाने के लिए संबंधितों को निर्देशित किया गया है।

अब तक शहरी सीमा में ही फैला था जाल

अभी तक सीसीटीवी कैमरों का जाल शहरी सीमा तक ही फैला था। शहर में चौतरफा हाईटेक सर्विलांस कैमरों के जरिए मिलने वाली फीड की निगरानी आईट्रिपलसी से की जाती है। यह कैमरे शहर के साथ ही नैनी, झूंसी व फाफामऊ में भी लगाए गए हैं। हालांकि ग्रामीण क्षेत्रों में अब तक इस तरह की व्यवस्था नहीं थी। ग्रामीण क्षेत्रों में भी सीसीटीवी कैमरों के लग जाने से अब वहां भी सर्विलांस सिस्टम प्रभावी तरीके से लागू हो सकेगा।

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वाराणसी कमिश्नरेट से डेढ़ गुना ज्यादा

सेफ सिटी परियोजना के तहत प्रयागराज कमिश्नरेट में वाराणसी से करीब डेढ़ गुना ज्यादा कैमरे लगवाए गए हैं। एक सितंबर तक वाराणसी में कुल 2682 कैमरे लगवाए गए हैं। जबकि इस अवधि में प्रयागराज में लगाए गए कुल कैमरों की संख्या 3901 है।

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