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इविवि के पास है कोरोना की जांच करने वाली मशीन

Fri, 24 Apr 2020 01:44 PM IST
news desk amar ujala, prayagraj Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो Updated Fri, 24 Apr 2020 01:44 PM IST
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allahabad University has Corona testing machine
भारत में कोरोना वायरस - फोटो : PTI

वैश्विक महामारी कोरोना के खिलाफ मजबूती से लड़ाई के लिए अधिक से अधिक मरीजों की जांच कराए जाने के प्रयास चल रहे हैं। इस दिशा में इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) भी अपना सक्रिय योगदान देने को तैयार है। विश्वविद्यालय के जंतु विज्ञान विभाग के पास रियल टाइम पॉलिमरेज चेन रिएक्शन (आरटीपीसीआर) नाम की मशीन है, जिससे कोरोना की जांच की जाती है। यह मशीन छह घंटे में 48 मरीजों की जांच कर सकती है।

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corona

विश्वविद्यालय कोरोना जांच के लिए यह मशीन कुछ दिनों के लिए मेडिकल कॉलेज को देने के लिए तैयार है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के जंतु विज्ञान विभाग ने यह मशीन विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के प्रोजेक्ट डिपार्टमेंटल रिसर्च सपोर्ट (डीआरएस) के तहत खरीदी थी। इस प्रोजेक्ट के लिए वर्ष 2014 में यूजीसी से 23 लाख रुपये मिले थे, जिससे दो उपकरण खरीदे गए थे।

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इलाहाबाद विश्वविद्यालय

अमेरिकी कंपनी बायो रैड की ओर से बनाई गई इस मशीन की कीमत उस वक्त 12 लाख रुपये के आसपास थी। तकरीबन एक साल तक इस मशीन पर शोधर्थियों ने काम किया। शोध पूरा होने के बाद कुछ छात्र विदेश चले गए और फिर इस मशीन का उपयोग नहीं हुआ। जंतु विज्ञान के विभागाध्यक्ष प्रो. आरएस पांडेय ने बताया कि पिछले साल तक इस मशीन की देखरेख की जिम्मेदारी उनके शोधार्थी डॉ. ऋषिकेश तिवारी के पास थी। डॉ. ऋषिकेश का शोध पूरा हो चुका है और वह भदोही में हैं।

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Allahabad University
मशीन ठीक से काम कर रही है या नहीं, इसे देखना पड़ेगा। प्रो. आरएस पांडेय का कहना है कि इसी मशीन से कोरोना वायरस की जांच होती है लेकिन इसके लिए जिस केमिकल का उपयोग होता है, वह काफी महंगा है। विश्वविद्यालय में कोरोना की जांच संभव नहीं है। इसके लिए माइक्रोबायोलॉजी विभाग की जरूरत पड़ेगी। अगर मेडिकल कॉलेज इस मशीन की मांग करता है तो विश्वविद्यालय की ओर से कुछ दिनों के लिए मशीन उपलब्ध कराई जा सकती है।
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