allahabad south vidhan sabha 2022 : काम आया मंत्री नंदी का वन टू वन संपर्क
खास बात यह रही कि शहर दक्षिण से नंदी ने इस बार चौथी बार चुनाव लड़ा और हर बार उनके मत में लगातार इजाफा हुआ। नंदी इस सीट से बसपा एवं भाजपा के टिकट पर दो-दो बार चुनाव लड़ चुके हैं। बसपा से 2007 में निर्वाचित हुए, जबकि 2012 में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
विस्तार
शहर दक्षिण विधानसभा सीट से कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी अपना विजय अभियान इस बार भी जारी रखा। उन्होंने सपा प्रत्याशी रईश चंद्र शुक्ला को 26417 मतों से शिकस्त दी। हालांकि रईस ने नंदी को कड़ी दक्कर भी दी। मतगणना के दौरान एक वक्त ऐसा भी आया जब नंदी सपा प्रत्याशी से तकरीबन सात हजार मत से पिछड़ गए थे। लेकिन अंत में नंदी उन्हें शिकस्त देने में कामयाब हो गए। नंदी के खाते में 97487 मत आए तो रईस को 71070 वोट से ही संतोष करना पड़ा।
खास बात यह रही कि शहर दक्षिण से नंदी ने इस बार चौथी बार चुनाव लड़ा और हर बार उनके मत में लगातार इजाफा हुआ। नंदी इस सीट से बसपा एवं भाजपा के टिकट पर दो-दो बार चुनाव लड़ चुके हैं। बसपा से 2007 में निर्वाचित हुए, जबकि 2012 में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
सपा के रईस अहमद ने दी कड़ी टक्कर
पिछले चुनाव में नंदी को 93011 वोट मिले थे। इस बार उनका वोट बढ़कर 97487 पर पहुंच गया। नंदी के जीत की मुख्य वजह उनका वोटरों से वन टू वन संपर्क माना जा रहा है। खुद नंदी कई बार कह चुके हैं कि उनके विधानसभा क्षेत्र में 87963 घर हैं जिनमें 73139 घरों में उनका वन टू वन संपर्क है।
नंदी के करीबी लोगों का कहना है कि रईस के खड़े होने से कुछ ब्राहमण वोट सपा में खिसके जरूर, लेकिन उसका कोई खास असर नहीं पड़ा। मेयर अभिलाषा गुप्ता द्वारा मेयर के रूप में किए गए कार्य का भी उन्हें फायदा मिला। इस बार नंदी के खाते में थोड़े बहुत मुस्लिमों के वोट भी आए। साथ ही नंदी को वैश्य, क्षत्रिय, कायस्थ, पिछड़ी जाति, अनुसूचित जाति, सिख समुदाय के भी काफी वोट मिले।
जीत का अंतर : 26417
विधायक की प्रोफाइल
कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी वर्ष 2017 में हुए विधानसभा चुनाव के पूर्व ही शामिल हुए। मायावती की सरकार में भी वर्ष 2007 में उन्हें कैबिनेट मंत्री बनाया गया था। इसके बाद 2012 के चुनाव में हार के बाद उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर वर्ष 2014 में इलाहाबाद संसदीय सीट से किस्मत आजमाई। एक लाख से ज्यादा मत तो उन्हें मिले, लेकिन वह चुनाव नहीं जीत सके। भाजपा सरकार में उन्हें एक बार फिर से कैबिनेेट मंत्री बनाया गया। उनकी पत्नी अभिलाषा गुप्ता प्रयागराज की मेयर हैं।
प्राथमिकताएं
चुनाव जीतने के बाद नंदी ने कहा कि मतदाताओं द्वारा दिया गया एक एक वोट उनके ऊपर कर्ज है। शहर दक्षिण के मोती पार्क बाजार में वाराणसी की तर्ज पर मल्टीलेवल पार्किंग की व्यवस्था आदि कार्य वह प्राथमिकता के आधार पर करवाएंगे। विधानसभा क्षेत्र की गलियां भी स्मार्ट होंगी। बिजली के फैले तारों का अंडरग्राउंड किया जाएगा।
किसको कितनेे मिले वोट
नंद गोपाल गुप्ता नंदी भाजपा 97487
रईश चंद्र शुक्ला सपा 71070
देवेंद्र मिश्र नगरहा बसपा 4141
अल्पना निषाद कांग्रेस 2091
अन्य प्रत्याशी
अल्ताफ अहमद 1109, कमला प्रसाद 128, कैलाश चंद्र केसरवानी 110, नमनजीत सिंह 269, मो. फरहान 1530, संतोष पाल 183, कमला कांत 214, गोपाल स्वरूप जोशी 254, तरुण केसरवानी 254, नोटा 828