झूंसी में जीटी रोड पर गरजा बुल्डोजर, ढहाया अवैध अतिक्रमण
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थाना क्षेत्र के जीटी रोड के किनारे किए गए अवैध निर्माण पर बुधवार को दिनभर प्रशासन का बुल्डोजर गरजा। शास्त्री पुल से लेकर आवास विकास कालोनी पुलिस बूथ के पास तक जीटी रोड पर किए गए अवैध कच्चे और पक्के निर्माणों को ढहाया गया। इस दौरान लोगों में जबरदस्त खलबली मच रही। कई अवैध कब्जेदारों ने तो स्वयं से ही अपने कब्जे हटाने शुरू कर दिए थे। दोपहर से शुरू हुआ अभियान शाम ढलने तक जारी रहा। अवैध अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
तकरीबन तीन साल पहले हाईकोर्ट में पीआईएल दाखिल कर झूंसी में जीटी रोड के किनारे गए अवैध निर्माण पर सवाल उठाया गया था। पीआईएल के जरिए बताया गया था कि झूंसी में जीटी रोड पर थाने से लेकर त्रिवेणीपुरम गेट तक लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा है। इस पर कोर्ट ने अवैध निर्माण को ढहाने के आदेश दिए थे। अब पीडब्ल्यूडी और प्रशासनिक अफसरों को इस संबंध में कोर्ट में रिपोर्ट देनी है।
इसी के चलते बुधवार को जबरदस्त अतिक्रमण अभियान चलाया गया। आईपीएस गणेश शाहा, एसडीएम फूलपुर राजकुमार द्विवेदी, पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता हंसराज सिंह, सहायक अभियंता सतीश कुमार, एसओ झूंसी पीएन मिश्र की अगुवाई में भारी पुलिस फोर्स व पीएससी के साथ अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त अभियान चलाया गया। अभियान की शुरूआत झूंसी थाने के पास से हुई। प्रशासन के बुल्डोजर ने जीटी रोड के किनारे किए गए अवैध कच्चे पक्के मकान, चाय-पान की गुमटी और होर्डिंग्स ढहाए। अचानक हुई कार्रवाई से कब्जेदारों में खलबली मच गई। सभी ने प्रशासनिक अफसरों से अतिक्रमण हटाने को कुछ वक्त मांगने को गुहार लगाई लेकिन उनकी एक नहीं चली। प्रशासन ने जीटी रोड के दोनों ओर किए गए अवैध कब्जे को ढहा दिया। शाम तकरीबन छह बजे तक चले अभियान में झूंसी पुलिस बूथ तक जीटी रोड के किनारे कार्रवाई की गई। अफसरों ने बताया कि अतिक्रमण हटाने को कार्रवाई आगे भी चलेगी।
लगातार बढ़ रही ट्रैफिक और कुंभ मेले में होने वाली श्रद्धालुओं की भारी के कारण झूंसी में जीटी रोड सकरी नजर आने लगती है। इसलिए सड़क के चौड़ीकरण का भी प्रस्ताव हो चुका है। जल्द ही पीडब्ल्यूडी सड़क को चौड़ी भी करने जा रहा है। झूंसी में त्रिवेणीपुरम से लेकर झूंसी पुलिया तक जीटी रोड की दोनों लेन 110 फीट चौड़ी होनी है। इसके लिए तकरीबन साल भर पहले नाप भी हो चुकी है। सड़क चौड़ीकरण में भी काफी निर्माण ढहाए जाएंगे। चकहरिहर वन में तो लोगों के आधे से ज्यादा मकान और मार्केट 110 फीट की जद में आ रहे हैं। इससे भी लोगों में खलबली मची हुई है।
जीटी रोड के किनारे किए अवैध निर्माण के खिलाफ प्रशासन की ओर से चलाए गए अभियान के सदमे ने अधेड़ की जान ले ली। प्रशासनिक अफसर भारी पुलिस फोर्स के साथ अतिक्रमण अभियान चला रहे थे। इसकी जद में जीटी रोड के किनारे रहने वाले 45 वर्षीय पप्पू पुत्र स्वर्गीय फूलचंद्र का मकान के आगे रखी मड़ई व गुमटी आ रही थी। वह काफी दिनों से बीमार भी चल रहा था। प्रशासन का बुल्डोजर उसके घर पहुंचा और निर्माण ढहाने लगा। इस बात की जानकारी अधेड़ पप्पू को हुई तो सदमे के कारण उसकी चारपाई पर पड़े-पड़े ही मौत हो गई। अधेड़ की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। पप्पू की पत्नी सुनीता की पहले ही मौत हो चुकी है। उसका एक बेटा भी है।
अतिक्रमण अभियान के दौरान जीटी रोड के किनारे छप्पर और मड़हा डालकर रह रहा गरीब तबका पलभर में ही सड़क पर आ गया। शास्त्री पुल के पास पिछले कई दशक से गरीब तबके के कई परिवार मड़हा और छप्पर डालकर रह रहे थे। सभी मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे। इसी बीच बुधवार का दिन उनपर ऑफत बनकर गिरा। देखते ही देखते उनका आशियाना बुल्डोजर ने ढहा दिया। कईयों ने बुल्डोजर चलने से पहले ही स्वंय हथौड़ा चलाकर अपने मकान गिरा दिए। कार्रवाई के दौरान मड़हे में रहने वाले बच्चे डरे-सहमे रहे।
शाम के तकरीबन छह बजे रहे थे। अंधेरे में भी प्रशासनिक अफसरों ने अतिक्रमण की कार्रवाई जारी रखी थी। कार्रवाई अनवर मार्केट के आगे चल रही थी। तभी एक दुकानदार का पीडब्ल्यूडी के कर्मचारी से विवाद हो गया। इसके बाद तो गुस्साए दुकानदार ने कर्मचारी को एक थप्पड़ जड़ दिया। जब तक उसे पकड़ा जाता। मौके से वह भाग निकला। इससे वहां कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई थी।