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आपदा पीड़ितों के लिए जुटाई रकम

Thu, 27 Jun 2013 05:30 AM IST
Allahabad
Allahabad Updated Thu, 27 Jun 2013 05:30 AM IST
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इलाहाबाद। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के मानवशास्त्र विभाग के विद्यार्थियों की ओर से बुधवार को रैली निकालकर उत्तराखंड के पीड़ितों के लिए सहायता धनराशि एकत्र की गई। संजय द्विवेदी के नेतृत्व और अविनाश कुमार आनंद के संयोजन में यूनियन हाल से शुरू हुई रैली मनमोहन पार्क, प्रयाग संगीत समिति, हनुमान मंदिर से होकर सुभाष चौराहा पहुंची। इस दौरान चादर फैलाकर और बॉक्स लेकर भी धन एकत्र किया गया। वहीं सुभाष चौराहे पर दानपात्र रखकर भी सहायता राशि जुटाई गई।
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इसी तरह 29 जून तक दोपहर बारह से शाम पांच बजे तक शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भी रैली निकालकर और सुभाष चौराहे पर दानपात्र रखकर पीड़ितों के लिए सहायता राशि जुटाएंगे। प्राप्त धनराशि डाकघर के माध्यम से प्रधानमंत्री राहत कोष में जमा कराई जाएगी जबकि सहायता सामग्री लेकर कार्यकर्ता 30 जून को उत्तराखंड के लिए रवाना होंगे। उत्तराखंड में सेवाकार्य के लिए इच्छुक व्यक्ति अपना नाम दर्ज करा सकते हैं, संस्था की ओर से उन्हें वहां भेजने और रहने-खाने की व्यवस्था की जाएगी।
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अखिल भारतीय किसान मजदूर सभा की केंद्रीय कार्यकारिणी ने उत्तराखंड त्रासदी में राहत कार्यकर्ताओं समेत हजारों लोगों की मौत पर गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा है कि जनवादी ताकतों को सरकार पर दबाव बनाना चाहिए कि राहत कार्य में अप्रभावित करीब केगांवों के लोगों को बड़े पैमाने पर शामिल किया जाए। सभा ने सरकार से राजनीतिक नेताओं की ओर से इलाके के दुर्घटना पर्यटन पर रोक लगाने की मांग की है। सभा का मानना है कि सभी को बिना किसी भेदभाव राहत मिले और सभी आम अधिकार हो। कारोबारियों की ओर से बीस गुना तक दाम बढ़ाकर की गई वसूली उन इलाकों में सरकारी आपूर्ति की अव्यवस्था को उजागर करती है।
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सभा के राष्ट्रीय सचिव डॉ.आशीष मित्तल ने आरोप लगाया कि भयंकर विनाश अंग्रेजी काल से लगातार चले आ रहे पहाड़ों केपेड़ काटने और बीस वर्षों से विश्व बैंक की ओर से प्रोत्साहित उदारीकरण नीति की ओर से पहाड़, घाटी और नदी तट की जमीनों के व्यावसायीकरण और बड़ी बिजली परियोजनाएं लगाए जाने का परिणाम है। इससे केवल बड़े व्यावसायियों, विदेशी कंपनियों, बड़े ठेकेदारों आदि को ही लाभ हुआ है।
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