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एनआरएचएम घोटाले की आरोपी एचसीएल की याचिका पर निर्ण सुरक्षित
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एनआरएचएम घोटाले की आरोपी कंपनी
एचसीएल की याचिका पर निर्णय सुरक्षित
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एनआरएचएम घोटाले की आरोपी कंपनी एचसीएल इंफोटेक और कंपनी के अधिकारियों विमल गर्ग, वीरेंद्र गोयल तथा नीरज उपाध्याय की पुनरीक्षण याचिका की सुनवाई के बाद निर्णय सुरक्षित कर लिया है।
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा कर रहे हैं। सीबीआई के अधिवक्ता ज्ञान प्रकाश का कहना था कि दो कंपनियों को सात करोड़ रुपये का अग्रिम भुगतान किया गया और एचसीएल इंफोटेक को कंप्यूटर इंस्टाल करने का ठेका दिया गया। अग्रिम भुगतान ले चुकी कंपनियों को एचसीएल ने सह ठेकेदार बना लिया। उन्हें काम के बदले भुगतान भी कर दिया गया। अग्रिम राशि का समायोजन नहीं किया गया। कंपनी का कहना है कि संयोजन हो गया, किंतु पत्रावली पर किए गए काम का पूरा भुगतान किया गया है। सीबीआई ने चार्जसीट दाखिल की है। कंपनी की अर्जी सीबीआई कोर्ट से खारिज होने के बाद यह याचिका दाखिल की गई है।
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एचसीएल की याचिका पर निर्णय सुरक्षित
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एनआरएचएम घोटाले की आरोपी कंपनी एचसीएल इंफोटेक और कंपनी के अधिकारियों विमल गर्ग, वीरेंद्र गोयल तथा नीरज उपाध्याय की पुनरीक्षण याचिका की सुनवाई के बाद निर्णय सुरक्षित कर लिया है।
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा कर रहे हैं। सीबीआई के अधिवक्ता ज्ञान प्रकाश का कहना था कि दो कंपनियों को सात करोड़ रुपये का अग्रिम भुगतान किया गया और एचसीएल इंफोटेक को कंप्यूटर इंस्टाल करने का ठेका दिया गया। अग्रिम भुगतान ले चुकी कंपनियों को एचसीएल ने सह ठेकेदार बना लिया। उन्हें काम के बदले भुगतान भी कर दिया गया। अग्रिम राशि का समायोजन नहीं किया गया। कंपनी का कहना है कि संयोजन हो गया, किंतु पत्रावली पर किए गए काम का पूरा भुगतान किया गया है। सीबीआई ने चार्जसीट दाखिल की है। कंपनी की अर्जी सीबीआई कोर्ट से खारिज होने के बाद यह याचिका दाखिल की गई है।
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