Aligarh News: फफाला में नारकोटिक्स टीम ने मारा छापा, नशे के लिए दवाएं बेचने का आरोप
केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की टीम फफाला में साहिल मेडिकल एजेंसी पर पहुंची। टीम को शिकायत मिली थी कि नारकोटिक्स दवाओं को थोक कारोबारी बिना बिल व बिना डाक्टरों के परामर्श के बेच रहे हैं। इससे पहले टीम ने कासगंज के जुबेर को गिरफ्तार किया था। जिसकी निशानदेही पर फफाला में यह कार्रवाई हुई है।
विस्तार
थोक दवा बाजार फफाला में बुधवार को केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की टीम ने छापा मारा। प्रतिबंधित दवाओं को बिना बिल के बेचने पर तीन दुकानों पर यह कार्रवाई होनी थी, लेकिन सूचना मिलने पर दो कारोबारी दुकान बंद कर फरार हो गए। कासगंज में जिसे यह दवाएं बेची गई, उसके पास कोई लाइसेंस नहीं था। टीम ने दो कारोबारियों को नोटिस जारी किया है। अब शुक्रवार को दिल्ली स्थित कार्यालय में जवाबदेही के लिए हाजिर होना है।
बुधवार को करीब 11 बजे दिल्ली की केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की टीम फफाला में साहिल मेडिकल एजेंसी पर पहुंची। टीम को शिकायत मिली थी कि नारकोटिक्स दवाओं को थोक कारोबारी बिना बिल व बिना डाक्टरों के परामर्श के बेच रहे हैं। इससे पहले टीम ने कासगंज के जुबेर को गिरफ्तार किया था। जिसकी निशानदेही पर फफाला में यह कार्रवाई हुई है।
गिरफ्तार जुबैर ने बताया था कि उसने नारकोटिक्स दवाओं की खेप साहिल मेडिकल एजेंसी, बजरंग मेडिकल व पवन मेडिकल से खरीदी थी। तीनों कारोबारियों ने बिना बिल के इन दवाओं की बड़े पैमाने पर सप्लाई की थी। जुबैर के पास दवा बेचने के लिए कोई लाइसेंस नहीं है। छापामारी के दौरान साहिल मेडिकल एजेंसी पर टीम ने कुछ दवाएं जब्त की हैं।
वहीं अन्य दोनों कारोबारी दुकान के शटर गिरा फरार हो गए। बाद में टीम ने दो कारोबारियों को इस संबंध में नोटिस जारी किया है। जिनसे 13 अक्तूबर को दिल्ली कार्यालय में पूछताछ की जाएगी। जिला अलीगढ़ कैमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह टिल्लू ने बताया कि नारकोटिक्स की दवाओं की बिक्री को लेकर टीम को तीन दवा कारोबारियों के खिलाफ शिकायत मिली थी। दो को नोटिस जारी किया है। एसोसिएशन इस तरह की दवाओं की बिक्री करने वालों का विरोध करती है।
मेडिकल स्टोर पर खुलेआम बिक रही ये दवाएं
केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो द्वारा करीब 141 दवाओं पर निगरानी की जाती है। इन दवाओं का उपयोग युवा नशे के तौर पर कर रहे हैं। ऐसे दुकानदारों पर नकेल कसने के लिए सरकार ने इस ब्यूरो का निर्माण किया है। इसमें कोडीन सिरप व नींद की दवाएं शामिल हैं। यह दवाएं शहर के कई मेडिकल स्टोर पर खुलेआम बिकते हुए मिल जाएंगी। ज्यादा मुनाफा कमाने के चक्कर में मेडिकल स्टोर संचालक बिना डॉक्टर के पर्चे के ये दवाएं दे देते हैं।
कार्रवाई के दौरान फफाला स्ट्टी में मचा हड़कंप
केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की टीम द्वारा की गई छापामारी की बात फफाला स्ट्रीट में फैलते ही दवा कारोबारियों में हड़कंप मच गया। इस दौरान कई अन्य प्रतिष्ठान देरी से खुले। टीम जाने के बाद भी शाम तक चर्चाओं का माहौल गर्म रहा।