फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Israel-Iran conflict and Indian business

इस्राइल-ईरान संघर्ष: पंड्रावल रियासत ने समेटा ईरान से कारोबार, छह महीने में 43 हजार भारतीय वापस

Thu, 19 Jun 2025 03:01 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Thu, 19 Jun 2025 03:01 PM IST
सार

ईरान में करीब 50 हजार भारतीय थे। इनमें 10 हजार सिख समुदाय के कारोबारी, 15 हजार छात्र और अन्य नौकरीपेशा व रिहाइश वाले थे। इनमें से करीब 43 हजार लोग भारत आ चुके हैं।

विज्ञापन
Israel-Iran conflict and Indian business
नवाब असद ईरान में - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

इस्राइल और ईरान के संघर्ष के बीच पंड्रावल रियासत ने ईरान में अपना फलों और ड्राइफ्रूट्स का कारोबार समेट लिया है। करीब 8 महीने पहले इस्राइल के गाजा पट्टी पर हमले के साथ ही ईरान में रह रहे भारतीय कारोबारियों को अंदाजा हो गया था कि यह जंग यहां तक फैल सकती है। तभी से उन्होंने भारत वापस आना शुरू कर दिया था। अलीगढ़ में मेडिकल रोड पर रह रहे पंड्रावल रियासत के नवाब असद दो महीने पहले तक ईरान में थे।

विज्ञापन


अमर उजाला के साथ बातचीत में नवाब असद ने बताया कि उनके परिवार का ईरान के साथ कारोबार है। दिल्ली और मुंबई में रह रहे उनके भतीजे ईरान के सेब और ड्राईफ्रूट्स का आयात करके उसे भारत के विभिन्न हिस्सों में आपूर्ति करते हैं। लेकिन पिछले छह महीने से कारोबार बंद है। नवाब असद कहते हैं कि भारत में सेब होता है लेकिन सीमित मात्रा में। सेव ठंडी जगह पर होता है। ईरान ठंडा मुल्क है, वहां पर सेब की अच्छी फसल होती है। इसके अलावा ईरान में भदोही के कालीन की अच्छी मांग है। उनके बड़े भाई ईरान में हुई एक प्रदर्शनी में भदोही के कालीन प्रदर्शनी के लिए लेकर गए थे। अलीगढ़ से आर्टवेयर निर्यात होता है। अब सब कुछ बंद है।
विज्ञापन


छह महीने में 43 हजार भारतीय वापस आ चुके
ईरान में करीब 50 हजार भारतीय थे। इनमें 10 हजार सिख समुदाय के कारोबारी, 15 हजार छात्र और अन्य नौकरीपेशा व रिहाइश वाले थे। इनमें से करीब 43 हजार लोग भारत आ चुके हैं। असद नवाब कहते हैं कि उनके मित्र और रिश्तेदार ईरान में रहते हैं। वह अक्सर ईरान आते-जाते रहते हैं। वह कहते हैं कि करीब आठ महीने पहले इस्राइल के फलस्तीन के कब्जे वाले क्षेत्र गाजा पट्टी पर हमला बोला था। इसके बाद से ही कारोबारी हालात भी प्रभावित होने शुरू हो गए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed