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पूर्व विधायक संजीव राजा कोर्ट में हाजिर, मिली जमानत
सार
इसी तरह दूसरा मुकदमा सासनी गेट का 1993 का है, जिसमें पिछली तारीखों पर हाजिर न होने के कारण गैर जमानती वारंट जारी हुए थे।उसमें उनके अधिवक्ता ने इसी न्यायालय में वारंट रिकॉल करने संबंधी अर्जी दी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। इस तरह दोनों मुकदमों में उन्हें जमानत के बाद भेजा गया। एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह विशेष न्यायाधीश एमपी\/एमएलए की अदालत से इन दोनों मुकदमों में गवाहों के वारंट जारी किए गए हैं।
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विस्तार
वरिष्ठ भाजपा नेता व पूर्व विधायक संजीव राजा ने सोमवार को एमपी/एमएलए मामलों की निचली अदालत एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह के यहां हाजिर होकर आत्म समर्पण किया। हालांकि न्यायालय ने अधिवक्ता की ओर से दी गई जमानत अर्जी स्वीकारते हुए पूर्व विधायक को जमानत दे दी।
यह प्रक्रिया बन्नादेवी थाने के मुकदमे में अपनाई गई, जिसमें उनके साथ दूसरे विधायक अनिल पाराशर भी आरोपी हैं। वे भी सोमवार को नियत तारीख पर हाजिर हुए। इसके अलावा, सासनी गेट के एक अन्य मुकदमे में संजीव राजा ने इसी न्यायालय से जारी गैर जमानती वारंट हाजिर होकर रिकॉल कराए हैं।
एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए की अदालत में पूर्व विधायक संजीव राजा के कई मुकदमे विचाराधीन हैं। इनमें एक मुकदमा बन्नादेवी थाने का वर्ष 2007 का है, जिसमें कोल क्षेत्र के विधायक अनिल पाराशर भी आरोपी हैं। संजीव राजा इस मुकदमे में लगातार गैर हाजिर थे।
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इसलिए उनके गैर जमानती वारंट जारी थे। सोमवार को न्यायालय में हाजिर होकर उन्होंने अधिवक्ता के जरिये जमानत अर्जी दायर की, जिसे न्यायालय ने स्वीकार कर लिया। साथ ही, संजीव राजा के हाजिर होने पर इस मुकदमे में आरोप भी तय किया गया। इसी तरह दूसरा मुकदमा सासनी गेट का 1993 का है, जिसमें पिछली तारीखों पर हाजिर न होने के कारण गैर जमानती वारंट जारी हुए थे।
उसमें उनके अधिवक्ता ने इसी न्यायालय में वारंट रिकॉल करने संबंधी अर्जी दी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। इस तरह दोनों मुकदमों में उन्हें जमानत के बाद भेजा गया। अब इनके जल्द ट्रायल शुरू होंगे। इस प्रक्रिया की पुष्टि उनके अधिवक्ता शैलेंद्र अग्रवाल व प्रवीन गुप्ता ने की है।
पूर्व सांसद के खिलाफ दर्ज मुकदमे में गवाहों के वारंट जारी
पूर्व सांसद चौ. बिजेंद्र सिंह के खिलाफ गभाना में वर्ष 2009 के लोकसभा चुनाव में दर्ज हुए आचार संहिता उल्लंघन के दो मुकदमों में भी सोमवार को तारीख नियत थी। एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए की अदालत से इन दोनों मुकदमों में गवाहों के वारंट जारी किए गए हैं। इनमें एक मुकदमे में प्रथम गवाह वादी के खिलाफ व दूसरे मुकदमे में द्वितीय गवाह के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए हैं।
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यह प्रक्रिया बन्नादेवी थाने के मुकदमे में अपनाई गई, जिसमें उनके साथ दूसरे विधायक अनिल पाराशर भी आरोपी हैं। वे भी सोमवार को नियत तारीख पर हाजिर हुए। इसके अलावा, सासनी गेट के एक अन्य मुकदमे में संजीव राजा ने इसी न्यायालय से जारी गैर जमानती वारंट हाजिर होकर रिकॉल कराए हैं।
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एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए की अदालत में पूर्व विधायक संजीव राजा के कई मुकदमे विचाराधीन हैं। इनमें एक मुकदमा बन्नादेवी थाने का वर्ष 2007 का है, जिसमें कोल क्षेत्र के विधायक अनिल पाराशर भी आरोपी हैं। संजीव राजा इस मुकदमे में लगातार गैर हाजिर थे।
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इसलिए उनके गैर जमानती वारंट जारी थे। सोमवार को न्यायालय में हाजिर होकर उन्होंने अधिवक्ता के जरिये जमानत अर्जी दायर की, जिसे न्यायालय ने स्वीकार कर लिया। साथ ही, संजीव राजा के हाजिर होने पर इस मुकदमे में आरोप भी तय किया गया। इसी तरह दूसरा मुकदमा सासनी गेट का 1993 का है, जिसमें पिछली तारीखों पर हाजिर न होने के कारण गैर जमानती वारंट जारी हुए थे।
उसमें उनके अधिवक्ता ने इसी न्यायालय में वारंट रिकॉल करने संबंधी अर्जी दी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। इस तरह दोनों मुकदमों में उन्हें जमानत के बाद भेजा गया। अब इनके जल्द ट्रायल शुरू होंगे। इस प्रक्रिया की पुष्टि उनके अधिवक्ता शैलेंद्र अग्रवाल व प्रवीन गुप्ता ने की है।
पूर्व सांसद के खिलाफ दर्ज मुकदमे में गवाहों के वारंट जारी
पूर्व सांसद चौ. बिजेंद्र सिंह के खिलाफ गभाना में वर्ष 2009 के लोकसभा चुनाव में दर्ज हुए आचार संहिता उल्लंघन के दो मुकदमों में भी सोमवार को तारीख नियत थी। एसीजेएम प्रथम चौ. संदीप सिंह विशेष न्यायाधीश एमपी/एमएलए की अदालत से इन दोनों मुकदमों में गवाहों के वारंट जारी किए गए हैं। इनमें एक मुकदमे में प्रथम गवाह वादी के खिलाफ व दूसरे मुकदमे में द्वितीय गवाह के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए हैं।