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सड़कों को गड्ढा मुक्त करने में सुस्ती पर मांगा स्पष्टीकरण
अमर उजाला ब्यूूराे
Updated Sat, 27 May 2017 01:36 AM IST
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सड़कों को गड्ढा मुक्त करने में सुस्ती पर मांगा स्पष्टीकरण
- फोटो : Dig Vishal
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शासन की शीर्ष प्राथमिकता में शामिल सड़कों को गड्ढामुक्त करने के अभियान में अपेक्षित तेजी नहीं आने पर शासन स्तर से अलीगढ़ के दोनों एक्सईएन से जवाब तलब हो गया है। दोनों से पूछा गया है कि पूरे प्रदेश में सबसे सुस्त कार्य प्रगति उनके ही जिले में क्यों है..? पहले एक्सईएन पीडब्ल्यूडी नोडल कार्यालय के अल हसन मंसूर सिद्दीकी हैं और दूसरे प्रांतीय खंड एक के अधिशासी अभियंता प्रताप सिंह हैं। पीडब्ल्यूडी के प्रदेश के मुख्य अभियंता वीके सिंह ने ये स्पष्टीकरण मांगा है।
दोनों अधिकारियों ने टेंडर नहीं आने और ठेकेदारों के विरोध को लेटलतीफी की वजह बताया है। गौर हो कि बिल्डिंग मैटीरियल के दामों में आया जबरदस्त उछाल और टेंडर पुराने रेटों से ही दिए जाने को लेकर ठेकेदारों ने पीडब्ल्यूडी के टेंडर का बहिष्कार कर दिया था। ठेकेदारों का कहना था कि वर्तमान में बिल्डिंग मैटीरियल के जो रेट हैं उसी पर टेंडर मांगे जाएं जिससे उन्हें काम करने में नुकसान न हो। बहरहाल, बड़ी मान मनौव्वल के बाद कुछ टेंडर आए हैं जिन पर काम शुरू कराया गया है। औपचारिक रूप से अभी दोनों अधिकारियों की ओर से जवाब भेजा जाना बाकी है। यही नहीं अलीगढ़ में पीडब्ल्यूडी के दोनों कार्यालयों में भी टेंडर आने और खुलने की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है।
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दोनों अधिकारियों ने टेंडर नहीं आने और ठेकेदारों के विरोध को लेटलतीफी की वजह बताया है। गौर हो कि बिल्डिंग मैटीरियल के दामों में आया जबरदस्त उछाल और टेंडर पुराने रेटों से ही दिए जाने को लेकर ठेकेदारों ने पीडब्ल्यूडी के टेंडर का बहिष्कार कर दिया था। ठेकेदारों का कहना था कि वर्तमान में बिल्डिंग मैटीरियल के जो रेट हैं उसी पर टेंडर मांगे जाएं जिससे उन्हें काम करने में नुकसान न हो। बहरहाल, बड़ी मान मनौव्वल के बाद कुछ टेंडर आए हैं जिन पर काम शुरू कराया गया है। औपचारिक रूप से अभी दोनों अधिकारियों की ओर से जवाब भेजा जाना बाकी है। यही नहीं अलीगढ़ में पीडब्ल्यूडी के दोनों कार्यालयों में भी टेंडर आने और खुलने की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है।
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