{"_id":"59bae3164f1c1bac688b49c7","slug":"horror-killing-mother-s-daughter-murdered-in-herpes","type":"story","status":"publish","title_hn":"हॉरर किलिंगः दादों में मां ने की बेटी की हत्या ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
हॉरर किलिंगः दादों में मां ने की बेटी की हत्या
अमर उजाला ब्यूूराे
Updated Fri, 15 Sep 2017 01:46 AM IST
विज्ञापन
murder
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
थाना दादों के गांव नगला सोरन में पांच माह पहले बंजारा समाज की युवती नीलम की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी मां ने अपने हाथों से की थी। हॉरर किलिंग का खुलासा करने वाली दादों पुलिस के अनुसार झूठे सम्मान को बचाने के लिए मां ने परिवार वालों की मदद से बेटी का गला घोंटा था।
मारने के बाद शव को गांव के बाहर सरकारी स्कूल के पीछे फेंक दिया था। गांव में रंजिश रखने वाले पांच लोगों के खिलाफ बेटी की हत्या की रिपोर्ट भी मां की ओर से दर्ज करा दी गई थी। पुलिस ने आरोपी मां बिरमा देवी को जेल भेज दिया है। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
31 मई 2017 की सुबह नीलम का शव गांव के बाहर सरकारी स्कूल के पीछे पड़ा मिला था। दादों थानाध्यक्ष अजय सिंह चाहर ने बताया कि जांच के दौरान मृतका की मां बिरमा देवी पर शक हुआ। उन्हें थाने में बिठाकर पूछताछ की गई, तो सारा सच सामने आ गया। बिरमा देवी ने बताया कि नीलम के गांव के एक युवक से संबंध थे। उसी युवक से वह शादी करना चाहती थी। परिवार वालों के लगातार समझाने पर भी वह मानने को तैयार नहीं थी।
विज्ञापन
30 मई की रात परिजनों की मदद से उसने बेटी का गला दबाकर हत्या कर दी। गांव के कुछ लोग उनसे रंजिश रखते हैं, इसलिए उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। एसओ के अनुसार हत्या में सहयोगी रहे अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी का प्रयास जारी है।
एक बेटी पहले से बुलंदशहर जेल मेंः गांव में अधिकतर बंजारा समाज के परिवार रहते हैं। बिरमा देवी का पति गैर प्रांत में मजदूरी करता है। यहां बिरमा देवी तीन बेटियों व एक विवाहित बेटे के साथ रहती थी। शादी के बाद बेटा अपने परिवार को लेकर अलग रहने लगा।
बिरमा देवी की बड़ी बेटी पहले से गलत संगत के कारण परिवार से नाता तोड़ चुकी है और इन दिनों किसी आपराधिक मामले में बुलंदशहर जेल में बंद है। अब बिरमा देवी गांव में दो बेटियों संग रह रही थी। उसमें से मझली ने भी ऐसे युवक से रिश्ता जोड़ने की जिद पकड़ ली, जिसे बिरमा पसंद नहीं करती थी। बिरमा का कहना है कि उसे अपने किए पर पछतावा नहीं है। फिलहाल घर में अकेली रह गई छोटी बेटी की उसका भाई देखभाल कर रहा है।
विज्ञापन
मारने के बाद शव को गांव के बाहर सरकारी स्कूल के पीछे फेंक दिया था। गांव में रंजिश रखने वाले पांच लोगों के खिलाफ बेटी की हत्या की रिपोर्ट भी मां की ओर से दर्ज करा दी गई थी। पुलिस ने आरोपी मां बिरमा देवी को जेल भेज दिया है। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
विज्ञापन
31 मई 2017 की सुबह नीलम का शव गांव के बाहर सरकारी स्कूल के पीछे पड़ा मिला था। दादों थानाध्यक्ष अजय सिंह चाहर ने बताया कि जांच के दौरान मृतका की मां बिरमा देवी पर शक हुआ। उन्हें थाने में बिठाकर पूछताछ की गई, तो सारा सच सामने आ गया। बिरमा देवी ने बताया कि नीलम के गांव के एक युवक से संबंध थे। उसी युवक से वह शादी करना चाहती थी। परिवार वालों के लगातार समझाने पर भी वह मानने को तैयार नहीं थी।
विज्ञापन
30 मई की रात परिजनों की मदद से उसने बेटी का गला दबाकर हत्या कर दी। गांव के कुछ लोग उनसे रंजिश रखते हैं, इसलिए उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। एसओ के अनुसार हत्या में सहयोगी रहे अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी का प्रयास जारी है।
एक बेटी पहले से बुलंदशहर जेल मेंः गांव में अधिकतर बंजारा समाज के परिवार रहते हैं। बिरमा देवी का पति गैर प्रांत में मजदूरी करता है। यहां बिरमा देवी तीन बेटियों व एक विवाहित बेटे के साथ रहती थी। शादी के बाद बेटा अपने परिवार को लेकर अलग रहने लगा।
बिरमा देवी की बड़ी बेटी पहले से गलत संगत के कारण परिवार से नाता तोड़ चुकी है और इन दिनों किसी आपराधिक मामले में बुलंदशहर जेल में बंद है। अब बिरमा देवी गांव में दो बेटियों संग रह रही थी। उसमें से मझली ने भी ऐसे युवक से रिश्ता जोड़ने की जिद पकड़ ली, जिसे बिरमा पसंद नहीं करती थी। बिरमा का कहना है कि उसे अपने किए पर पछतावा नहीं है। फिलहाल घर में अकेली रह गई छोटी बेटी की उसका भाई देखभाल कर रहा है।