{"_id":"6022ea498ebc3e4a3b5fe768","slug":"60-thousand-ration-card-will-be-rejected-city-office-news-ali2558576115","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले के 60 हजार राशन कार्ड हो सकते हैं रद्द","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले के 60 हजार राशन कार्ड हो सकते हैं रद्द
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तीन माह तक राशन न लेने वाले जिले के 60 हजार लोगों के राशन कार्ड रद्द किए जाने की तैयारी हो रही है। जिला पूर्ति अधिकारी राजेश कुमार सोनी के निर्देशन राशन कार्ड धारकों का सत्यापन शुरू हो गया है।
2011 की जनगणना के मुताबिक, जिले की ग्रामीण आबादी में से 79.56 प्रतिशत लोगों के राशन कार्ड बनाना अनिवार्य है। 78 प्रतिशत लोगों के कार्ड बनाए जा चुके हैं। जबकि शहर में 64.43 प्रतिशत आबादी के कार्ड बनाना अनिवार्य है। इसमें से 63 प्रतिशत के बनाए जा चुके हैं। अब कुछ नए लोगों ने आवेदन किया है।
नए कार्ड बनाने के लिए निष्क्रिय कार्ड धारकों को चिन्हित किया जा रहा है। निष्क्त्रिस्य कार्डों को समाप्त किए बिना नए पात्रों को स्थान देना संभव नहीं है। ऐसे में विभाग ने जिले के 60 हजार ऐसे कार्ड धारकों को चिन्हित किया है, जिन्होंने तीन माह से अधिक समय से राशन नहीं लिया है। इनका सत्यापन शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन
सत्यापन के जरिये यह पता लगाया जा रहा है कि आखिर ये लोग राशन क्यों नहीं ले रहे हैं। साथ ही फर्जी राशन कार्डों के संबंध में सत्यापन किया जा रहा है। डीएसओ राजेश कुमार सोनी ने बताया कि कोई राशन कार्ड धारक तीन माह तक लगातार राशन नहीं उठाता है तो उसका राशन कार्ड रद्द कर दिया जाएगा। उनके स्थान पर अन्य पात्र लोगों के कार्ड बनाए जाएंगे।
विज्ञापन
2011 की जनगणना के मुताबिक, जिले की ग्रामीण आबादी में से 79.56 प्रतिशत लोगों के राशन कार्ड बनाना अनिवार्य है। 78 प्रतिशत लोगों के कार्ड बनाए जा चुके हैं। जबकि शहर में 64.43 प्रतिशत आबादी के कार्ड बनाना अनिवार्य है। इसमें से 63 प्रतिशत के बनाए जा चुके हैं। अब कुछ नए लोगों ने आवेदन किया है।
विज्ञापन
नए कार्ड बनाने के लिए निष्क्रिय कार्ड धारकों को चिन्हित किया जा रहा है। निष्क्त्रिस्य कार्डों को समाप्त किए बिना नए पात्रों को स्थान देना संभव नहीं है। ऐसे में विभाग ने जिले के 60 हजार ऐसे कार्ड धारकों को चिन्हित किया है, जिन्होंने तीन माह से अधिक समय से राशन नहीं लिया है। इनका सत्यापन शुरू कर दिया गया है।
विज्ञापन
सत्यापन के जरिये यह पता लगाया जा रहा है कि आखिर ये लोग राशन क्यों नहीं ले रहे हैं। साथ ही फर्जी राशन कार्डों के संबंध में सत्यापन किया जा रहा है। डीएसओ राजेश कुमार सोनी ने बताया कि कोई राशन कार्ड धारक तीन माह तक लगातार राशन नहीं उठाता है तो उसका राशन कार्ड रद्द कर दिया जाएगा। उनके स्थान पर अन्य पात्र लोगों के कार्ड बनाए जाएंगे।