फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   43 more women select as dron didi

Aligarh News: अलीगढ़ में 43 महिलाओं को मिलेगी ड्रोन दीदी बनने की उड़ान, चयन की तैयारी

Wed, 07 Oct 2026 03:37 PM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Wed, 07 Oct 2026 03:37 PM IST
विज्ञापन
43 more women select as dron didi
स्रोत स्वयं फोटो
नीरज और सीमा बनीं मिसाल, ड्रोन से खेतों में छिड़काव कर कमा रहीं हजारों रुपये से लेकर लाखों तक
विज्ञापन


अलीगढ़। ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की नमो ड्रोन दीदी योजना से अलीगढ़ में रोजगार और तकनीक के नए रास्ते खुल रहे हैं। जिले में अब तक दो महिलाएं ड्रोन दीदी बनकर किसानों के खेतों में कीटनाशक का छिड़काव कर रही हैं। उनकी सफलता को देखते हुए अब जिले में 43 और महिलाओं के चयन की तैयारी है। इससे स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को आधुनिक तकनीक सीखने और रोजगार के नए अवसर मिलने की उम्मीद है।

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत संचालित इस योजना में महिलाओं को ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण देकर कृषि सेवाओं से जोड़ा जा रहा है। इसका उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं की आमदनी बढ़ाने के साथ खेती में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाना भी है। अलीगढ़ में धनीपुर और टप्पल विकासखंड की दो महिलाएं इस दिशा में मिसाल बनकर उभरी हैं।
विज्ञापन


174 हेक्टेयर में छिड़काव कर नीरज ने कमाए 69,600 रुपये

धनीपुर विकासखंड की ग्राम पंचायत आजमाबाद मछुआ निवासी नीरज देवी शिव शंकर स्वयं सहायता समूह की सदस्य हैं। ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण लेने के बाद उन्होंने किसानों के खेतों में कीटनाशक का छिड़काव शुरू किया। अब तक वह 29 किसानों की करीब 174 हेक्टेयर भूमि में ड्रोन से छिड़काव कर चुकी हैं। इससे उन्हें लगभग 69,600 रुपये की आमदनी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


295 हेक्टेयर में छिड़काव कर सीमा ने कमाए 1.18 लाख रुपये

टप्पल विकासखंड की ग्राम पंचायत मालव निवासी सीमा देवी सरस्वती स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हैं। वह भी ड्रोन के जरिए किसानों के खेतों में कीटनाशक का छिड़काव कर रही हैं। अब तक सीमा देवी 29 किसानों के करीब 295 हेक्टेयर खेतों में छिड़काव कर चुकी हैं। इस काम से उन्होंने लगभग 1.18 लाख रुपये की आमदनी अर्जित की है।

दोनों महिलाएं मिलकर अब तक 469 हेक्टेयर क्षेत्र में ड्रोन से छिड़काव कर चुकी हैं। उनकी यह उपलब्धि दूसरी ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रेरणा बन रही है। साथ ही किसानों को भी कम समय में बड़े क्षेत्र में छिड़काव की सुविधा मिल रही है।

अब 43 महिलाओं के चयन से बढ़ेगा योजना का दायरा

जिले में अब 43 महिलाओं का चयन किए जाने की तैयारी है। इससे अधिक महिलाओं को ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण देकर कृषि सेवाओं से जोड़ने का अवसर मिलेगा। स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए यह पहल रोजगार का नया माध्यम बन सकती है। ड्रोन के इस्तेमाल से खेतों में दवा का छिड़काव कम समय में और अपेक्षाकृत समान रूप से किया जा सकता है, जिससे किसानों की मेहनत भी कम होती है।

तकनीक ने बढ़ाया आत्मविश्वास

नीरज और सीमा का कहना है कि प्रशिक्षण से पहले उन्हें भी ड्रोन संचालन को लेकर आशंकाएं थीं, लेकिन अब वे आत्मविश्वास के साथ यह काम कर रही हैं। इससे उन्हें आमदनी का साधन मिला है और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में मदद मिल रही है। उनकी सफलता से गांव की अन्य महिलाएं भी आधुनिक तकनीक अपनाने के लिए प्रेरित हो रही हैं।


अलीगढ़ में 43 महिलाओं के चयन की प्रस्तावित पहल से नमो ड्रोन दीदी योजना को और विस्तार मिलने की उम्मीद है। इससे एक ओर किसानों तक आधुनिक कृषि तकनीक की पहुंच बढ़ेगी, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के नए अवसर मिल सकेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed