{"_id":"5c5f341fbdec222720373d33","slug":"151549743135-aligarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिंघारपुर में चल रही श्रीमद् भागवत कथा में सुनाया सुदामा चरित्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिंघारपुर में चल रही श्रीमद् भागवत कथा में सुनाया सुदामा चरित्र
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला अलीगढ़।
सिंघारपुर केशव सेवा धाम में शनिवार को भागवत कथा में सुदामा चरित्र, कृष्ण उद्वव संवाद की कथा व्यास कृष्ण चंद शास्त्री ने सुनाई। व्यास ने कहा कि श्रीकृष्ण के द्वारपालों ने कभी वेदज्ञानी सुदामा को नहीं फटकार होगा, जो विश्व पालनहार है उसके द्वारपाल तो ज्ञानी, होशियार थे, गलत कथा, प्रथा बंद होनी चाहिए। वाल्मीकि संत महाकवि के विषय पर उन्होंने कहा कि वेदों के बाद प्राचीन ग्रंथ वाल्मीकि रामायण है।
समापन पर मुख्य वक्ता राष्ट्रीय सेवा भारती के संगठन मंत्री राकेश जैन रहे। इस दौरान कन्हैया लाल, श्याम नारायण अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल, डॉ. शन्नोरानी, महेश अग्रवाल, मनवीर सिंह, राधेश्याम, सुरेश चंद अग्रवाल, मुकेश, संजय गोयल, अंबरीश गर्ग मौजूद थे।
विज्ञापन
सिंघारपुर केशव सेवा धाम में शनिवार को भागवत कथा में सुदामा चरित्र, कृष्ण उद्वव संवाद की कथा व्यास कृष्ण चंद शास्त्री ने सुनाई। व्यास ने कहा कि श्रीकृष्ण के द्वारपालों ने कभी वेदज्ञानी सुदामा को नहीं फटकार होगा, जो विश्व पालनहार है उसके द्वारपाल तो ज्ञानी, होशियार थे, गलत कथा, प्रथा बंद होनी चाहिए। वाल्मीकि संत महाकवि के विषय पर उन्होंने कहा कि वेदों के बाद प्राचीन ग्रंथ वाल्मीकि रामायण है।
समापन पर मुख्य वक्ता राष्ट्रीय सेवा भारती के संगठन मंत्री राकेश जैन रहे। इस दौरान कन्हैया लाल, श्याम नारायण अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल, डॉ. शन्नोरानी, महेश अग्रवाल, मनवीर सिंह, राधेश्याम, सुरेश चंद अग्रवाल, मुकेश, संजय गोयल, अंबरीश गर्ग मौजूद थे।
विज्ञापन