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एएमयू: ईसी में उठा एनआरआई छात्र व तौसीफ का मामला
Updated Mon, 11 Sep 2017 01:47 AM IST
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एएमयू ईसी में उठा एनआरआई छात्र व तौसीफ का मामला
ब्यूरो,अमर उजाला, अलीगढ़।
एएमयू एग्जीक्यूटिव काउंसिल की बैठक में कथित रूप से आत्म हत्या करने वाले एनआरआई छात्र फराज एवं सर जियाउद्दीन हॉल में तौसीफ की संदिग्ध मौत का मामला उठा।
29 अप्रैल को स्थगित एग्जीक्यूटिव काउंसिल की बैठक रविवार को हुई। इसमें अंग्रेजी विभाग एवं जेएन मेडिकल कॉलेज के कुछ विभागों में वरीयता का मामला प्रमुखता से उठाया। अंग्रेजी विभाग में वरीयता के लिए गठित कमेटी ने अपनी रिपोर्ट पैक्ड रिपोर्ट ईसी के समक्ष प्रस्तुत की। इसमें कमेटी द्वारा वरीयता का निर्धारण कर दिया गया है।
हालांकि इस रिपोर्ट पर अगली बैठक में विचार किया जाएगा। एएमयू ईसी सदस्य एवं पूर्व एमएलसी तनवीर हैदर उस्मानी ने बताया कि बैठक में कथित रूप से आत्महत्या करने वाले एनआरआई छात्र फराज एवं तौसीफ का मामला उन्होंने उठाया।
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उन्होंने पूछा कि जब एडमिशन के समय छात्रों से टिकट लगा लिफाफा लिया जाता है तो एनआरआई छात्र की मृत्यु के बाद उसके अभिभावक को क्यों नहीं सूचना दी गई।
उन्होंने चंद दिनों पहले सर जियाउद्दीन हॉल में संदिग्ध रूप से मरे तौसीफ का मामला भी उठाया और उसके मर्डर की आशंका जताई। उन्होंने कहा कि जब तौसीफ एएमयू छात्र नहीं था तो वह हॉल में कैसे रह रहा था। क्यों प्रवोस्ट को इसकी जानकारी नहीं थी। प्रवोस्ट के बदले इस मामले में गार्ड को क्यों सस्पेंड किया गया। उन्होंने कहा कि एएमयू प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी है और इसकी बदनामी से हम सभी को दुख होता है।
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ब्यूरो,अमर उजाला, अलीगढ़।
एएमयू एग्जीक्यूटिव काउंसिल की बैठक में कथित रूप से आत्म हत्या करने वाले एनआरआई छात्र फराज एवं सर जियाउद्दीन हॉल में तौसीफ की संदिग्ध मौत का मामला उठा।
29 अप्रैल को स्थगित एग्जीक्यूटिव काउंसिल की बैठक रविवार को हुई। इसमें अंग्रेजी विभाग एवं जेएन मेडिकल कॉलेज के कुछ विभागों में वरीयता का मामला प्रमुखता से उठाया। अंग्रेजी विभाग में वरीयता के लिए गठित कमेटी ने अपनी रिपोर्ट पैक्ड रिपोर्ट ईसी के समक्ष प्रस्तुत की। इसमें कमेटी द्वारा वरीयता का निर्धारण कर दिया गया है।
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हालांकि इस रिपोर्ट पर अगली बैठक में विचार किया जाएगा। एएमयू ईसी सदस्य एवं पूर्व एमएलसी तनवीर हैदर उस्मानी ने बताया कि बैठक में कथित रूप से आत्महत्या करने वाले एनआरआई छात्र फराज एवं तौसीफ का मामला उन्होंने उठाया।
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उन्होंने पूछा कि जब एडमिशन के समय छात्रों से टिकट लगा लिफाफा लिया जाता है तो एनआरआई छात्र की मृत्यु के बाद उसके अभिभावक को क्यों नहीं सूचना दी गई।
उन्होंने चंद दिनों पहले सर जियाउद्दीन हॉल में संदिग्ध रूप से मरे तौसीफ का मामला भी उठाया और उसके मर्डर की आशंका जताई। उन्होंने कहा कि जब तौसीफ एएमयू छात्र नहीं था तो वह हॉल में कैसे रह रहा था। क्यों प्रवोस्ट को इसकी जानकारी नहीं थी। प्रवोस्ट के बदले इस मामले में गार्ड को क्यों सस्पेंड किया गया। उन्होंने कहा कि एएमयू प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी है और इसकी बदनामी से हम सभी को दुख होता है।