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जेई एवं सुपरवाइजर से मांगा स्पष्टीकरण
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
सासनीगेट क्षेत्र में अवैध रूप से बन रही तीन इमारतों के मामले में विकास प्राधिकरण के जेई एवं सुपरवाइजर फंस गए हैं। डीएम ने दोनों से स्पष्टीकरण तलब कर लिया है।
बताते चलें कि डीएम के आदेश पर शनिवार को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट जोगिंदर सिंह के नेतृत्व में सासनीगेट पुलिस एवं प्राधिकरण के आला अफसरों ने छापा मारा था। इस दौरान बिल्डर निशांत अग्रवाल के इसी स्थान पर 500 वर्ग गज में बेसमेंट के निर्माण, बिल्डर सुरेंद्र अग्रवाल के नीलगिरी मंदिर के बराबर से रास्ते पर फ्लैट एवं 15 दुकानों का निर्माण पाया गया। यही नहीं बिल्डर गौरव सक्सेना के सराय हरनारायण नई दुनियां के पीछे 500 वर्ग गज में बन रही पांच मंजिल फ्लैट निर्माण भी बगैर नक्शे होते पाया गया। जांच के दौरान दो बिल्डर तो फरार हो गए। लेकिन एक बिल्डर को दबोच लिया गया। बिल्डर ने शपथ पत्र के साथ तीनों इमारतों का बगैर नक्शा निर्माण के ऐवज में जेई आरके गुप्ता एवं सुपरवाइजर अशोक शर्मा को सुविधा शुल्क प्रति लैंटर दिये जाने का आरोप लगाया था। डीएम चंद्रभूषण सिंह ने बताया कि जेई एवं सुपरवाइजर से स्पष्टीकरण तलब कर लिया गया है।
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सासनीगेट क्षेत्र में अवैध रूप से बन रही तीन इमारतों के मामले में विकास प्राधिकरण के जेई एवं सुपरवाइजर फंस गए हैं। डीएम ने दोनों से स्पष्टीकरण तलब कर लिया है।
बताते चलें कि डीएम के आदेश पर शनिवार को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट जोगिंदर सिंह के नेतृत्व में सासनीगेट पुलिस एवं प्राधिकरण के आला अफसरों ने छापा मारा था। इस दौरान बिल्डर निशांत अग्रवाल के इसी स्थान पर 500 वर्ग गज में बेसमेंट के निर्माण, बिल्डर सुरेंद्र अग्रवाल के नीलगिरी मंदिर के बराबर से रास्ते पर फ्लैट एवं 15 दुकानों का निर्माण पाया गया। यही नहीं बिल्डर गौरव सक्सेना के सराय हरनारायण नई दुनियां के पीछे 500 वर्ग गज में बन रही पांच मंजिल फ्लैट निर्माण भी बगैर नक्शे होते पाया गया। जांच के दौरान दो बिल्डर तो फरार हो गए। लेकिन एक बिल्डर को दबोच लिया गया। बिल्डर ने शपथ पत्र के साथ तीनों इमारतों का बगैर नक्शा निर्माण के ऐवज में जेई आरके गुप्ता एवं सुपरवाइजर अशोक शर्मा को सुविधा शुल्क प्रति लैंटर दिये जाने का आरोप लगाया था। डीएम चंद्रभूषण सिंह ने बताया कि जेई एवं सुपरवाइजर से स्पष्टीकरण तलब कर लिया गया है।
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