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कल्याण सिंह के पोते का हलफनामा: पांच साल में योगी के मंत्री की उम्र चार साल बढ़ी, संपत्ति 10 गुना हुई, पर अभी भी नहीं है कार और हथियार
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योगी कैबिनेट में मंत्री रहे संदीप सिंह का हलफनामा।
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अमर उजाला
विस्तार
अलीगढ़ की अतरौली विधानसभा सीट काफी चर्चित है। इस क्षेत्र से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे कल्याण सिंह, विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष रहे अशोक सिंघल, कांग्रेस के दिग्गज प्रवक्ता रहे राजीव दीक्षित का नाम जुड़ा हुआ है।इस सीट से योगी सरकार में राज्यमंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के पौत्र संदीप सिंह ने नामांकन दाखिल किया। इस बार भी वह भाजपा के टिकट पर यहां से चुनाव लड़ रहे हैं। संदीप सिंह ने नामांकन के दौरान हलफनामा भी दिया है। इसमें उम्र, संपत्ति, आपराधिक इतिहास आदि की जानकारी है। हमने 2017 और इस बार दिए गए हलफनामा की तुलनात्मक रिपोर्ट तैयार की है। देखिए... क्या-क्या बदलाव हुए हैं?
पांच साल में उम्र केवल चार साल बढ़ी
संदीप की उम्र पांच साल में सिर्फ चार साल बढ़ी है। 2017 में दिए हलफनामा में संदीप ने अपनी उम्र 26 साल बताई थी। ये हलफनामा उन्होंने 18 जनवरी 2017 को दाखिल किया था। ठीक पांच साल बाद 18 जनवरी 2022 को उन्होंने इस बार का हलफनामा दाखिल किया। इसमें उन्होंने अपनी उम्र 30 साल बताई है। यानी, पांच साल में उनकी उम्र में केवल चार साल का इजाफा हो पाया है।
योगी कैबिनेट में मंत्री रहे संदीप सिंह का हलफनामा।
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चल संपत्ति में 1600% का इजाफा
भाजपा प्रत्याशी संदीप सिंह ने यूके की लीड्स वैकेट यूनिवर्सिटी से परास्नातक की पढ़ाई की है। 2017 में दिए हलफनामे के अनुसार संदीप के पास चल संपत्ति के रूप में 42.93 लाख रुपये थे। इनमें 1.11 लाख रुपये नकद, करीब 24.22 लाख रुपये अलग-अलग पांच बैंक खातों में थे। इसके अलावा एलआईसी व शेयर मार्केट में निवेश किया था।
इस बार दिए हलफनामे में संदीप ने बताया है कि अब उनके पास 7.46 करोड़ की चल संपत्ति है। इसमें 2.70 लाख की नकदी है। इसके अलावा पांच अलग-अलग खातों में 1.2 करोड़ से अधिक की धनराशि जमा है। संदीप के पास 2.66 करोड़ की राजप्रेम एसोसिएट के शेयर व 15 लाख की एलआइसी भी है। संदीप ने राजप्रेम एसोसिएट नाम की कंपनी को 3.40 करोड़ का कर्ज भी दिया है। इस तरह से पांच साल के अंदर संदीप की चल संपत्ति में 1637.71% की बढ़ोतरी हुई है।
भाजपा प्रत्याशी संदीप सिंह ने यूके की लीड्स वैकेट यूनिवर्सिटी से परास्नातक की पढ़ाई की है। 2017 में दिए हलफनामे के अनुसार संदीप के पास चल संपत्ति के रूप में 42.93 लाख रुपये थे। इनमें 1.11 लाख रुपये नकद, करीब 24.22 लाख रुपये अलग-अलग पांच बैंक खातों में थे। इसके अलावा एलआईसी व शेयर मार्केट में निवेश किया था।
इस बार दिए हलफनामे में संदीप ने बताया है कि अब उनके पास 7.46 करोड़ की चल संपत्ति है। इसमें 2.70 लाख की नकदी है। इसके अलावा पांच अलग-अलग खातों में 1.2 करोड़ से अधिक की धनराशि जमा है। संदीप के पास 2.66 करोड़ की राजप्रेम एसोसिएट के शेयर व 15 लाख की एलआइसी भी है। संदीप ने राजप्रेम एसोसिएट नाम की कंपनी को 3.40 करोड़ का कर्ज भी दिया है। इस तरह से पांच साल के अंदर संदीप की चल संपत्ति में 1637.71% की बढ़ोतरी हुई है।
योगी कैबिनेट में मंत्री रहे संदीप सिंह का हलफनामा।
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अचल संपत्ति भी हुई सात गुना
2017 में दिए हलफनामे में संदीप ने बताया था कि उनके पास करीब एक करोड़ रुपये की कृषि और गैर-कृषि भूमि है। तब उनके पास कॉमर्शियल और रेजिडेंशियल बिल्डिंग नहीं थी। इस बार दिए हलफनामे के अनुसार, संदीप की अचल संपत्ति अब करीब सात करोड़ की हो गई है। संदीप के नाम बुलंदशहर, अलीगढ़, हाथरस में अलग-अलग कृषि, गैर कृषि भूमि है।
2017 में दिए हलफनामे में संदीप ने बताया था कि उनके पास करीब एक करोड़ रुपये की कृषि और गैर-कृषि भूमि है। तब उनके पास कॉमर्शियल और रेजिडेंशियल बिल्डिंग नहीं थी। इस बार दिए हलफनामे के अनुसार, संदीप की अचल संपत्ति अब करीब सात करोड़ की हो गई है। संदीप के नाम बुलंदशहर, अलीगढ़, हाथरस में अलग-अलग कृषि, गैर कृषि भूमि है।
करोड़ों की सपत्ति होने के बाद भी नहीं है कार
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संदीप ने हलफनामें में बताया है कि उनके पास न तो कोई कार है ना ही कोई बाइक
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संदीप को हथियारों का भी शौक नहीं है, उनके पास कोई भी हथियार नहीं है
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संदीप के हलफनामें के मुताबिक उनके पास सोना-चांदी जैसा कोई आभूषण भी नहीं है