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पानी का निकास नहीं होने से हो रहा जलभराव
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बरनाहल। विकासखंड बरनाहल की ग्राम पंचायत आलमपुर देहा के मजरा नगला हरलाल में पानी का निकास न होने से गांव की गलियों में जलभराव हो रहा है। सफाई नहीं होने से गलियों में गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। इससे ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विकासखंड बरनाहल के नगला हरलाल में गलियों में पानी का निकास न होने से जलभराव की स्थिति बन चुकी है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में जलनिकासी की व्यवस्था नहीं है। नालियों की सफाई नहीं होने से गलियों में जलभराव हो गया है। जिससे लोगों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। नालियों और गलियों में सफाई नहीं होने से गंदगी के ढेर गलियों में जमा होने लगे हैं। जलभराव और गंदगी जमा होने से मच्छरों की संख्या भी बढ़ने लगी है। लोगों का कहना है कि जल निकासी की व्यवस्था नहीं होनेे और गांव की गलियों की सफाई नहीं होने से लोगों को बीमारियां फैलने का डर सताने लगा है।
ग्रामवासी महेंद्र सिंह शाक्य, कालीचरण शाक्य, तेजसिंह शाक्य, चंद्रभान शाक्य का कहना है कि गलियों में हुए जलभराव से लोगों के मकानों को भी खतरा बढ़ने लगा है। सरकारी योजनाओं के बाद भी लोगों को साफ-सफाई का फायदा नहीं मिल पा रहा है। समस्याओं का समाधान कराने की बात कहने पर ग्रामप्रधान सुनवाई नहीं करते हैं। गांव का पानी निकलने के लिए जो नाला बनाया गया था उस पर निजी शौचालय का निर्माण करा दिया गया है, जिससे जलभराव हो रहा है।
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गांव के कुछ रसूखदारों ने सरकारी तालाब की जमीन पर कब्जा कर लिया है। जिससे पानी का निकास नहीं हो पा रहा है। पानी का निकास नहीं होने से जलभराव हो रहा है। इस संबंध में कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचना दी जा चुकी है।
रंजीत सिंह शाक्य, ग्राम प्रधान
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विकासखंड बरनाहल के नगला हरलाल में गलियों में पानी का निकास न होने से जलभराव की स्थिति बन चुकी है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में जलनिकासी की व्यवस्था नहीं है। नालियों की सफाई नहीं होने से गलियों में जलभराव हो गया है। जिससे लोगों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। नालियों और गलियों में सफाई नहीं होने से गंदगी के ढेर गलियों में जमा होने लगे हैं। जलभराव और गंदगी जमा होने से मच्छरों की संख्या भी बढ़ने लगी है। लोगों का कहना है कि जल निकासी की व्यवस्था नहीं होनेे और गांव की गलियों की सफाई नहीं होने से लोगों को बीमारियां फैलने का डर सताने लगा है।
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ग्रामवासी महेंद्र सिंह शाक्य, कालीचरण शाक्य, तेजसिंह शाक्य, चंद्रभान शाक्य का कहना है कि गलियों में हुए जलभराव से लोगों के मकानों को भी खतरा बढ़ने लगा है। सरकारी योजनाओं के बाद भी लोगों को साफ-सफाई का फायदा नहीं मिल पा रहा है। समस्याओं का समाधान कराने की बात कहने पर ग्रामप्रधान सुनवाई नहीं करते हैं। गांव का पानी निकलने के लिए जो नाला बनाया गया था उस पर निजी शौचालय का निर्माण करा दिया गया है, जिससे जलभराव हो रहा है।
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गांव के कुछ रसूखदारों ने सरकारी तालाब की जमीन पर कब्जा कर लिया है। जिससे पानी का निकास नहीं हो पा रहा है। पानी का निकास नहीं होने से जलभराव हो रहा है। इस संबंध में कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचना दी जा चुकी है।
रंजीत सिंह शाक्य, ग्राम प्रधान