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आगरा: भीषण गर्मी में पूरे शहर की आपूर्ति ठप, पानी के लिए तरसे 8 लाख लोग
Thu, 24 Jun 2021 09:15 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Thu, 24 Jun 2021 09:15 AM IST
सार
अपर गंगा कैनाल के जरिए गंगाजल में भारी मात्रा में सिल्ट आने के कारण आगरा को गंगाजल की आपूर्ति बंद कर दी गई। रेगुलेटर बंद कर देने के कारण बुधवार को पूरे दिन गंगाजल के लिए लोग तरसते रहे।
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पानी की परेशानी: आगरा में पर्याप्त गंगाजल न मिलने से टैंकर से हुई पानी की सप्लाई
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
एक ओर पारा 41 डिग्री के पार चल रहा है, दूसरी ओर पूरे शहर के करीब आठ लाख लोगों को दिनभर पानी नहीं मिल पाया। जलकल विभाग के अधिकारियों के अनुसार शुक्रवार शाम तक जल संकट बना रहेगा।
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अपर गंगा कैनाल के जरिए गंगाजल में भारी मात्रा में सिल्ट आने के कारण आगरा को गंगाजल की आपूर्ति बंद कर दी गई। रेगुलेटर बंद कर देने के कारण बुधवार को पूरे दिन गंगाजल के लिए लोग तरसते रहे। शहर में गंगाजल के दोनों प्लांट जीवनी मंडी और सिकंदरा पर पानी नहीं पहुंच पाया। इससे 8 लाख लोगों को पानी के लिए परेशान होना पड़ा।
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बुधवार को शहर के लोगों को पानी के लिए भूगर्भ जल पर निर्भर होना पड़ा। पड़ोसियों के घर और विधायक निधि से लगे सबमर्सिबल पंप पर पानी के लिए भीड़ लगी रही। जलकल विभाग ने टैंकरों की व्यवस्था की, लेकिन वह नाकाफी साबित हुई। एक-एक बाल्टी पानी के लिए लोगों को 500 मीटर तक की दौड़ लगानी पड़ी।
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उत्तराखंड में हुई बरसात की वजह से गंगा नदी में सिल्ट और मिट्टी आ रही है, इस वजह से सिंचाई विभाग ने अपर गंगा कैनाल से मंगलवार को ही सप्लाई बंद कर दी। इसका असर बुधवार को आगरा पर पड़ा। बूंद-बूंद गंगाजल के लिए भी आगरा तरस गया। 2800 एमएम पाइप लाइन में जो पानी भरा हुआ था, के वल वही मिल पाया। जलकल विभाग ने सिकंदरा वाटरवर्क्स पर 144 एमएलडी एमबीबीआर प्लांट चलाया, लेकिन यमुना जल से लोगों की जरूरतें पूरी नहीं हुई। 370 एमएलडी पानी की जगह केवल 144 एमएलडी पानी नहीं लोगों को मिल पाया। ताजगंज, गोकुलपुरा, बोदला, प्रकाश नगर, शाहगंज, नाई की मंडी, धाकरान, आवास विकास कालोनी, लॉयर्स कालोनी, न्यू आगरा, बल्केश्वर, कमला नगर, जीवनीमंडी, पटेल नगर, बेलनगंज, काला महल, पीपलमंडी क्षेत्र में पूरे दिन नल से एक बूंद भी पानी नहीं टपका। लोग टैंकरों का इंतजार करते रहे।
शुक्रवार तक बना रहेगा पानी का संकट
जल निगम की गंगाजल इकाई के प्रोजेक्ट मैनेजर आरके गुप्ता ने बताया कि गंगा जल में सिल्ट की मात्रा 8200 पीपीएम के पार होने के बाद सप्लाई रोकी गई है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों से वार्ता हुई है। उनका मानना है कि बृहस्पतिवार शाम तक पालड़ा फॉल को पानी मिलना शुरू हो सकता है। उसके 20 घंटे बाद आगरा को पानी मिलने लगेगा। यानी शुक्रवार शाम से पहले पानी का संकट दूर होने के कोई आसार नहीं हैं।
गंगाजल मांगते हुए नगर निगम पर फोड़े मटके
दयालबाग में आरके पुरम, रोशनबाग, कबीर नगर, टैगोर नगर समेत 34 कॉलोनियों के लिए गंगाजल की मांग करते हुए महिलाओं ने नगर निगम पर मटके फोड़े। महिलाओं ने चौ. रामवीर सिंह, सौरभ चौधरी के नेतृत्व में मटका फोड़कर प्रदर्शन किया। सुबह 11.30 बजे नगर निगम परिसर में महिलाएं अपने हाथों में मटके लेकर पहुंच गईं और नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया।
निगम के टास्कफोर्स सदस्य महिलाओं को हटाने का प्रयास करते रहे, लेकिन हंगामे के बीच अपर नगर आयुक्त ज्ञापन लेने के लिए नीचे आए। सौरभ चौधरी ने उनसे कहा कि तीन साल पहले गंगाजल की लाइन बिछाने पर भी पानी नहीं दिया जा रहा। अब नई लाइन बिछाने के लिए 15 वें वित्त आयोग से धनराशि भी स्वीकृत हो गई तो अब टेंडर निकालने में किस बात की देरी की जा रही है। राधा वर्मा ने कहा कि पानी के बिना परेशानी हो रही है। सबमर्सिबल पंप का पानी खारा है। उन्हें गंगाजल जल्द से जल्द चाहिए। इस दौरान सत्यवीर चौधरी, धर्मवीर चौधरी, भूपेश कुशवाह, वीना त्यागी, प्रेमवती, राधा वर्मा, आशा शर्मा, सावित्री चाहर, कमल कांति श्रीवास्तव, एस पी सिंघल, सौरव बघेल, करन यादव मौजूद रहे।
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जल निगम की गंगाजल इकाई के प्रोजेक्ट मैनेजर आरके गुप्ता ने बताया कि गंगा जल में सिल्ट की मात्रा 8200 पीपीएम के पार होने के बाद सप्लाई रोकी गई है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों से वार्ता हुई है। उनका मानना है कि बृहस्पतिवार शाम तक पालड़ा फॉल को पानी मिलना शुरू हो सकता है। उसके 20 घंटे बाद आगरा को पानी मिलने लगेगा। यानी शुक्रवार शाम से पहले पानी का संकट दूर होने के कोई आसार नहीं हैं।
गंगाजल मांगते हुए नगर निगम पर फोड़े मटके
दयालबाग में आरके पुरम, रोशनबाग, कबीर नगर, टैगोर नगर समेत 34 कॉलोनियों के लिए गंगाजल की मांग करते हुए महिलाओं ने नगर निगम पर मटके फोड़े। महिलाओं ने चौ. रामवीर सिंह, सौरभ चौधरी के नेतृत्व में मटका फोड़कर प्रदर्शन किया। सुबह 11.30 बजे नगर निगम परिसर में महिलाएं अपने हाथों में मटके लेकर पहुंच गईं और नगर निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया।
निगम के टास्कफोर्स सदस्य महिलाओं को हटाने का प्रयास करते रहे, लेकिन हंगामे के बीच अपर नगर आयुक्त ज्ञापन लेने के लिए नीचे आए। सौरभ चौधरी ने उनसे कहा कि तीन साल पहले गंगाजल की लाइन बिछाने पर भी पानी नहीं दिया जा रहा। अब नई लाइन बिछाने के लिए 15 वें वित्त आयोग से धनराशि भी स्वीकृत हो गई तो अब टेंडर निकालने में किस बात की देरी की जा रही है। राधा वर्मा ने कहा कि पानी के बिना परेशानी हो रही है। सबमर्सिबल पंप का पानी खारा है। उन्हें गंगाजल जल्द से जल्द चाहिए। इस दौरान सत्यवीर चौधरी, धर्मवीर चौधरी, भूपेश कुशवाह, वीना त्यागी, प्रेमवती, राधा वर्मा, आशा शर्मा, सावित्री चाहर, कमल कांति श्रीवास्तव, एस पी सिंघल, सौरव बघेल, करन यादव मौजूद रहे।
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