Unlock-5: जिन छात्रों के पास नहीं है स्मार्ट डिवाइस, वही जाएं स्कूल में पढ़ने
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आंशिक रूप से कक्षा नौ से 12 तक शर्तों के साथ स्कूल और कॉलेज 19 अक्तूबर से खोलने का रास्ता साफ हो गया है। लेकिन, स्कूल संचालक छात्रों को स्कूल भेजने के लिए अभिभावकों से जबरदस्ती नहीं करेंगे। ये हिदायत जिला प्रशासन ने स्कूल-कॉलेज खोलने को लेकर शिक्षा विभाग से जारी गाइडलाइन के बाद रविवार को स्कूल संचालकों के लिए दी है।
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने कहा कि बच्चों को स्कूल भेजने का मामला बहुत संवेदनशील है। कक्षा 9 से 12 तक के जिन छात्रों के पास ऑनलाइन पढ़ाई के लिए स्मार्ट फोन व अन्य उपकरण नहीं हैं, उन्हें ही स्कूलों में आने के लिए संचालक प्रेरित करें। जिनके पास स्मार्ट डिवाइस उपलब्ध हैं उन्हें ऑनलाइन पढ़ाई के लिए प्रेरित किया जाए।
अभिभावकों की बिना लिखित अनुमति के छात्रों को स्कूलों में कतई न बुलाया जाए। उन्होंने कहा कि स्कूल खोलने से पहले आगामी सप्ताह में स्कूलों के संचालन को लेकर विस्तृत रणनीति व निगरानी के संबंध में चर्चा होगी।
बच्चों के मास्क लगाने की बात बेमानी
जिलाधिकारी ने कहा कि स्कूल संचालक बच्चों को बुलाने के लिए यह तर्क नहीं देंगे कि बच्चे मास्क लगाएंगे। उनके आने-जाने के लिए अलग-अलग रास्ते होंगे। सामाजिक दूरी का पालन कराते हुए उन्हें कक्षाओं में बैठाया जाएगा। ये सभी बातें बेमानी हैं।
स्कूली वाहनों की फिटनेस को चलेगा अभियान
जिलाधिकारी ने कहा कि स्कूल खोलने से पहले एक सप्ताह तक सभी स्कूल और कॉलेजों में व्यापक स्तर पर सैनिटाइजेशन व सफाई अभियान चलाया जाए। इसमें किसी तरह की लापरवाही न हो। उन्होंने बच्चों के स्कूल आने-जाने वाले बस व अन्य वाहनों की फिटनेस जांच के लिए भी अभियान चलाने के निर्देश परिवहन विभाग को दिए हैं। स्कूल वाहनों में भी बच्चों के बैठने के दौरान उचित दूरी का पालन करना अनिवार्य होगा।
कक्षा आठ तक स्कूल रहेंगे बंद
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि अभी सिर्फ कक्षा 9 से 12 तक स्कूलों को खोला जाएगा। प्ले ग्रुप से लेकर कक्षा आठ तक सभी स्कूल बंद रहेंगे। अग्रिम आदेशों तक इन बच्चों की पढ़ाई पूर्व की भांति ऑनलाइन माध्यम से ही कराई जाएगी।