{"_id":"62ab6c7af196c43c2d4bfc73","slug":"the-youth-demonstrated-against-the-gnipath-appointment-system-mainpuri-news-agr537065733","type":"story","status":"publish","title_hn":"अग्रिवीर नियुक्ति व्यवस्था के विरोध में युवाओं ने किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अग्रिवीर नियुक्ति व्यवस्था के विरोध में युवाओं ने किया प्रदर्शन
विज्ञापन
मैनपुरी। सरकार द्वारा सेना में नियुक्ति के लिए अग्निपथ व्यवस्था लागू करने की बात कही है। इससे जिले के युवाओं में भी आक्रोश है। बृहस्पतिवार की शाम सामाजिक कार्यकर्ता अनमोल शाक्य के नेतृत्व में युवा पंड़ित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में एकत्रित हुए और प्रदर्शन करते हुए सेना में अग्निपथ व्यवस्था का विरोध किया।
सामाजिक कार्यकर्ता अनमोल शाक्य कि अग्निपथ व्यवस्था के तहत युवाओं को सेना में मात्र चार साल के लिए भर्ती करना उनके जीवन के साथ खिलवाड़ करना है। चार साल तक सेना में नौकरी करने के बाद युवा कहां जाएगा। सरकार को ऐसी व्यवस्था करनी चाहिए, जिसमें युवाओं को स्थाई नौकरी मिल सके। अनमोल शाक्य का कहना था कि कि है यह व्यवस्था युवाओं के भविष्य के साथ छलावा साबित होगी। सरकार तत्काल इस स्कीम को रद्द करे और पुरानी प्रक्रिया को ही अपनाया जाए।
युवा मुकेश राठौर का कहना था कि सरकार ने वन रैंक वन पेंशन के नाम पर वोट मांगा और अब युवाओं को नो रैंक नो पेंशन की दहलीज पर लाकर खड़ा कर दिया है। सरकार को युवाओं के भविष्य को देखते हुए अपना निर्णय वापस लेना चाहिए। युवाओं को पूर्व की भांति सेना में नौकरी करने का मौका मिलना चाहिए। यीशु राजपूत का कहना था कि सरकार ने जो प्रणाली लागू की है वह युवाओं के भविष्य के साथ धोखा है। सरकार युवाओं को रोजगार की बात कह रही है, जबकि दूसरी तरफ मात्र चार साल की नौकरी का निर्णय देकर उनके भविष्य को अंधकार में डालने का काम किया जा रहा है। युवाओं ने पंड़ित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन किया। इस अवसर पर परम चौहान, ओमवीर शाक्य, अमित पाल, अर्पित यादव, अंशु कुमार, अमित कुमार, अंकुश राठौड़, सिंटू यादव, संगम यादव, भोला यादव, यीशु भदौरिया, गौरव शाक्य, हिमांशु पाल आदि युवा मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सामाजिक कार्यकर्ता अनमोल शाक्य कि अग्निपथ व्यवस्था के तहत युवाओं को सेना में मात्र चार साल के लिए भर्ती करना उनके जीवन के साथ खिलवाड़ करना है। चार साल तक सेना में नौकरी करने के बाद युवा कहां जाएगा। सरकार को ऐसी व्यवस्था करनी चाहिए, जिसमें युवाओं को स्थाई नौकरी मिल सके। अनमोल शाक्य का कहना था कि कि है यह व्यवस्था युवाओं के भविष्य के साथ छलावा साबित होगी। सरकार तत्काल इस स्कीम को रद्द करे और पुरानी प्रक्रिया को ही अपनाया जाए।
विज्ञापन
युवा मुकेश राठौर का कहना था कि सरकार ने वन रैंक वन पेंशन के नाम पर वोट मांगा और अब युवाओं को नो रैंक नो पेंशन की दहलीज पर लाकर खड़ा कर दिया है। सरकार को युवाओं के भविष्य को देखते हुए अपना निर्णय वापस लेना चाहिए। युवाओं को पूर्व की भांति सेना में नौकरी करने का मौका मिलना चाहिए। यीशु राजपूत का कहना था कि सरकार ने जो प्रणाली लागू की है वह युवाओं के भविष्य के साथ धोखा है। सरकार युवाओं को रोजगार की बात कह रही है, जबकि दूसरी तरफ मात्र चार साल की नौकरी का निर्णय देकर उनके भविष्य को अंधकार में डालने का काम किया जा रहा है। युवाओं ने पंड़ित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन किया। इस अवसर पर परम चौहान, ओमवीर शाक्य, अमित पाल, अर्पित यादव, अंशु कुमार, अमित कुमार, अंकुश राठौड़, सिंटू यादव, संगम यादव, भोला यादव, यीशु भदौरिया, गौरव शाक्य, हिमांशु पाल आदि युवा मौजूद रहे।
विज्ञापन