श्री पारस अस्पताल दमघोंटू मॉकड्रिल: 26 अप्रैल को अस्पताल में 10 की मौत, दो ने घर जाकर तोड़ा दम
आईएमए की जांच समिति से तीमारदारों ने अस्पताल प्रशासन की मंशा पर भी सवाल उठाए। इन्होंने समिति के सदस्यों को बताया कि जब ऑक्सीजन की कमी बताकर मरीजों को बाहर निकाला जा रहा था, उस वक्त नए मरीज भर्ती किए जा रहे थे और उनको ऑक्सीजन भी लगाई जा रही थी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
श्री पारस अस्पताल में 26 अप्रैल को अस्पताल में 10 मरीजों की मौत हुई थी। तीन मरीजों की मौत और हुईं, जिसमें से दो ने घर जाकर दम तोड़ा और एक मरीज की दिल्ली के निजी अस्पताल में भर्ती होने के तीसरे दिन मौत हो गई। दमघोंटू मॉकड्रिल की जांच कर रही आईएमए की समिति ने डॉ. अरिन्जय जैन की ओर से उपलब्ध कराए 91 मरीज और उनके परिजनों से बात हो गई हैं। इसमें से 10 तीमारदारों ने अस्पताल में अपने मरीज की मौत की बात कही है। दो और मरीजों ने 26 अप्रैल को ही अपने मरीज की मौत होने की जानकारी दी, लेकिन यह मौत घर आने के बाद हुईं। इसमें से हाथरस के 80 साल के वृद्ध और मैनपुरी की 55 साल की महिला की मौत अस्पताल से ले जाने के बाद घर पर तीन-चार घंटे में हो गई थी। तीमारदारों ने बताया कि ऑक्सीजन की कमी बताकर घर ले जाने को कहा था। एक मरीज आगरा का रहा, जिसे 26 अप्रैल को श्री पारस अस्पताल से दिल्ली के निजी अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां उसने तीसरे दिन दम तोड़ दिया। इधर, बुधवार को भी आईएमए की बैठक नहीं हुई।
ऑक्सीजन की कमी, फिर क्यों किए जा रहे थे मरीज भर्ती
आईएमए की जांच समिति से तीमारदारों ने अस्पताल प्रशासन की मंशा पर भी सवाल उठाए। इन्होंने समिति के सदस्यों को बताया कि जब ऑक्सीजन की कमी बताकर मरीजों को बाहर निकाला जा रहा था, उस वक्त नए मरीज भर्ती किए जा रहे थे और उनको ऑक्सीजन भी लगाई जा रही थी। इससे आशंका है कि मोटी रकम लेकर नए मरीज भर्ती किए और पहले से भर्ती मरीजों को निकाला गया।
- डॉ. अरिन्जय जैन की ओर से उपलब्ध कराई सूची के सभी 91 मरीज और उनके परिजनों से बात हो गई है। मुत्यु प्रमाण पत्र समेत अन्य साक्ष्य लगाकर रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। अंतिम रूप देकर इसे आईएमए अध्यक्ष को सौंपा जाएगा। डॉ. मुनीश्वर गुप्ता, वरिष्ठ सदस्य जांच समिति आईएमए
- कमेटी पूरे साक्ष्यों के साथ जांच रिपोर्ट तैयार कर रही है। समिति की ओर से फाइनल रिपोर्ट मिलने के बाद इसे सार्वजनिक किया जाएगा। डॉ. राजीव उपाध्याय, अध्यक्ष आईएमए
श्री पारस अस्पताल मॉकड्रिल प्ररकण: 32 दिन बाद भी पुलिस खाली हाथ, वीडियो जांच अधूरी