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थोक बाजार बंद, खुदरा दुकानें खुलीं
अमर उजाला अागरा
Updated Tue, 05 Apr 2016 01:35 AM IST
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सराफा आंदाोलन
- फोटो : अमर उजाला आगरा
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उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के यूपी बंद के आह्वान का आगरा में मिला जुला असर देखने को मिला। सोमवार की साप्ताहिक बंदी के कारण किनारी बाजार, जौहरी बाजार, रावतपाड़ा, बेलनगंज, मुखर्जी बाजार, दरेसी, छत्ता, लुहार गली, बोदला-सिकंदरा रोड जैसे बाजार बंद रहे तो वहीं खुदरा व्यापारियों ने बंद के आह्वान के बाद भी दुकानें खोलीं। शाहगंज, कमला नगर, न्यू आगरा, जगदीशपुरा, रामबाग, बल्केश्वर, राजपुर चुंगी आदि जगहों पर खुदरा दुकानें खुली रहीं। सराफा व्यापारी जिस जगह 36 दिन से धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं, उसी किनारी बाजार तिराहे पर दर्जन भर दुकानें खुली रहीं। सुभाष बाजार, हास्पीटल रोड, हींग की मंडी, मंटोला, सदर भट्टी, घटिया आजम खान, फुलट्टी, पीपल मंडी में भी दुकानेें खुली दिखाई दीं।
आभूषणों पर एक फीसदी एक्साइज ड्यूटी के विरोध में सराफा व्यापारियों के साथ जंग लड़ते हुए उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल ने यूपी बंद का एलान किया। सोमवार को साप्ताहिक बंदी होने से पुराने बाजार तो बंद रहे, लेकिन सराफा कमेटियों द्वारा बाजार कमेटियों से संपर्क न किए जाने से कई बाजार खुले रहे। सराफा व्यापारियों ने बाजार के पास की खुली दुकानों से भी बंदी का अनुरोध नहीं किया। इसे लेकर उद्योग व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने सराफा व्यापारियों से नाराजगी भी जताई। नेशनल चेंबर, ट्रांसपोर्ट चेंबर, आगरा व्यापार मंडल, आगरा मंडल व्यापार संगठन, आगरा केमिस्ट एसोसिएशन ने बंदी में सहयोग किया।
जो अगुवा, वही रहे बंदी से गायब
सराफा व्यापारी 36 दिनों से किनारी बाजार और एमजी रोड पर प्रदर्शन, धरना के जरिए विरोध दर्ज करा रहे हैं। इतने दिनों से आंदोलन की अगुवाई करने वाले सराफा कमेटियों के प्रमुख पदाधिकारियों ने यूपी बंद से अपनी दूरी बनाए रखी। सराफा की प्रमुख चार एसोसिएशनों के अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी किनारी बाजार तिराहे पर हुई सभा में नहीं पहुंचे। एक पदाधिकारी सेंट्रल एक्साइज आफिस पर ज्ञापन देने के वक्त पहुंचे। जबकि बंदी के आह्वान से पहले चारों पदाधिकारी किनारी बाजार के धरने में पहुंच रहे थे।
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एक्साइज आफिस तक निकाला जुलूस
किनारी बाजार तिराहे से सराफा व्यापारियों की मांगों के समर्थन में उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई में व्यापारियों ने संजय प्लेस स्थित सेंट्रल एक्साइज आफिस तक मार्च निकाला। व्यापार मंडल संरक्षक श्रीभगवान अग्रवाल, आगरा व्यापार मंडल अध्यक्ष टीएन अग्रवाल, चुन्नी लाल गुप्ता, रमन लाल गोयल, सोहन लाल जैन के साथ व्यापारियों ने सेंट्रल एक्साइज कमिश्नर के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपा। जुलूस में गागन दास रामानी, माधव दास, विष्णु दयाल गोयल, राजवीर सिंह राठौर, अशोक गोयल, अनिल वर्मा, अमर मित्तल, रमा शंकर सिंह, नितिन वर्मा, मुरारी प्रसाद अग्रवाल, सुमंत गुप्ता, रवि प्रकाश अग्रवाल, अतुल बंसल, मनीष बंसल आदि मौजूद रहे।
बुलाया तो गए नहीं, अब प्रवेश पर हंगामा
सेंट्रल एक्साइज अधिकारियों ने व्यापारियों को दो बार वार्ता के लिए बुलाया था, लेकिन दोनों ही दिन समय देने के बाद व्यापारी नहीं आए। सोमवार को जुलूस के रूप में पहुंचे व्यापारियों ने आफिस में प्रवेश को लेकर गेट पर नारेबाजी की तो उनकी सुरक्षा कर्मियों से झड़प हुई। एक्साइज अधिकारियों ने व्यापारियों को ऊपर कार्यालय में बुलाया, लेकिन व्यापारी आफिस में वार्ता को तैयार नहीं हुए। ज्ञापन लेकर एक्साइज अधिकारियों ने इसे प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री तक पहुंचाने का भरोसा दिया।
सूरसदन पर लगाया जाम
सराफा व्यापारियों ने नमक की मंडी, किनारी बाजार, शाहगंज, एमजी रोड पर अलग-अलग धरना देना शुरू किया है। किनारी बाजार से जुलूस निकला तो एमजी रोड पर धरने पर बैठे व्यापारियों ने भी एक्साइज आफिस का रुख किया। दोपहर बाद सूरसदन चौराहे पर व्यापारियों ने जाम लगा दिया। बंदी का अधिवक्ताओं ने भी समर्थन किया। अधिवक्ता नितिन वर्मा, विजेंद्र बघेल, अरुण पचौरी, कृपाल सिंह वर्मा, देवेंद्र सिंह, केके शर्मा, हरिबाबू दहतोरिया, उमेश शर्मा मंत्री ने सराफा व्यापारियों के साथ प्रदर्शन में हिस्सा लिया।
अपनी फैक्ट्रियां खुलीं, बंद का आह्वान
आगरा। नेशनल चेंबर सहित औद्योगिक संगठनों ने सराफा बंदी का आह्वान किया, लेकिन अपनी फैक्ट्रियां खुली रखीं। चेंबर सदस्य और संजय प्लेस क्लॉथ मर्केंटाइल एसो. अध्यक्ष अशोक अरोरा ने इसे लेकर आपत्ति दर्ज कराई कि ट्रेडर अपनी दुकानें बंद रखें और फैक्ट्रियां खुली रहें, यह आह्वान ठीक नहीं।
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आभूषणों पर एक फीसदी एक्साइज ड्यूटी के विरोध में सराफा व्यापारियों के साथ जंग लड़ते हुए उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल ने यूपी बंद का एलान किया। सोमवार को साप्ताहिक बंदी होने से पुराने बाजार तो बंद रहे, लेकिन सराफा कमेटियों द्वारा बाजार कमेटियों से संपर्क न किए जाने से कई बाजार खुले रहे। सराफा व्यापारियों ने बाजार के पास की खुली दुकानों से भी बंदी का अनुरोध नहीं किया। इसे लेकर उद्योग व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने सराफा व्यापारियों से नाराजगी भी जताई। नेशनल चेंबर, ट्रांसपोर्ट चेंबर, आगरा व्यापार मंडल, आगरा मंडल व्यापार संगठन, आगरा केमिस्ट एसोसिएशन ने बंदी में सहयोग किया।
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जो अगुवा, वही रहे बंदी से गायब
सराफा व्यापारी 36 दिनों से किनारी बाजार और एमजी रोड पर प्रदर्शन, धरना के जरिए विरोध दर्ज करा रहे हैं। इतने दिनों से आंदोलन की अगुवाई करने वाले सराफा कमेटियों के प्रमुख पदाधिकारियों ने यूपी बंद से अपनी दूरी बनाए रखी। सराफा की प्रमुख चार एसोसिएशनों के अध्यक्ष और अन्य पदाधिकारी किनारी बाजार तिराहे पर हुई सभा में नहीं पहुंचे। एक पदाधिकारी सेंट्रल एक्साइज आफिस पर ज्ञापन देने के वक्त पहुंचे। जबकि बंदी के आह्वान से पहले चारों पदाधिकारी किनारी बाजार के धरने में पहुंच रहे थे।
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एक्साइज आफिस तक निकाला जुलूस
किनारी बाजार तिराहे से सराफा व्यापारियों की मांगों के समर्थन में उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई में व्यापारियों ने संजय प्लेस स्थित सेंट्रल एक्साइज आफिस तक मार्च निकाला। व्यापार मंडल संरक्षक श्रीभगवान अग्रवाल, आगरा व्यापार मंडल अध्यक्ष टीएन अग्रवाल, चुन्नी लाल गुप्ता, रमन लाल गोयल, सोहन लाल जैन के साथ व्यापारियों ने सेंट्रल एक्साइज कमिश्नर के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपा। जुलूस में गागन दास रामानी, माधव दास, विष्णु दयाल गोयल, राजवीर सिंह राठौर, अशोक गोयल, अनिल वर्मा, अमर मित्तल, रमा शंकर सिंह, नितिन वर्मा, मुरारी प्रसाद अग्रवाल, सुमंत गुप्ता, रवि प्रकाश अग्रवाल, अतुल बंसल, मनीष बंसल आदि मौजूद रहे।
बुलाया तो गए नहीं, अब प्रवेश पर हंगामा
सेंट्रल एक्साइज अधिकारियों ने व्यापारियों को दो बार वार्ता के लिए बुलाया था, लेकिन दोनों ही दिन समय देने के बाद व्यापारी नहीं आए। सोमवार को जुलूस के रूप में पहुंचे व्यापारियों ने आफिस में प्रवेश को लेकर गेट पर नारेबाजी की तो उनकी सुरक्षा कर्मियों से झड़प हुई। एक्साइज अधिकारियों ने व्यापारियों को ऊपर कार्यालय में बुलाया, लेकिन व्यापारी आफिस में वार्ता को तैयार नहीं हुए। ज्ञापन लेकर एक्साइज अधिकारियों ने इसे प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री तक पहुंचाने का भरोसा दिया।
सूरसदन पर लगाया जाम
सराफा व्यापारियों ने नमक की मंडी, किनारी बाजार, शाहगंज, एमजी रोड पर अलग-अलग धरना देना शुरू किया है। किनारी बाजार से जुलूस निकला तो एमजी रोड पर धरने पर बैठे व्यापारियों ने भी एक्साइज आफिस का रुख किया। दोपहर बाद सूरसदन चौराहे पर व्यापारियों ने जाम लगा दिया। बंदी का अधिवक्ताओं ने भी समर्थन किया। अधिवक्ता नितिन वर्मा, विजेंद्र बघेल, अरुण पचौरी, कृपाल सिंह वर्मा, देवेंद्र सिंह, केके शर्मा, हरिबाबू दहतोरिया, उमेश शर्मा मंत्री ने सराफा व्यापारियों के साथ प्रदर्शन में हिस्सा लिया।
अपनी फैक्ट्रियां खुलीं, बंद का आह्वान
आगरा। नेशनल चेंबर सहित औद्योगिक संगठनों ने सराफा बंदी का आह्वान किया, लेकिन अपनी फैक्ट्रियां खुली रखीं। चेंबर सदस्य और संजय प्लेस क्लॉथ मर्केंटाइल एसो. अध्यक्ष अशोक अरोरा ने इसे लेकर आपत्ति दर्ज कराई कि ट्रेडर अपनी दुकानें बंद रखें और फैक्ट्रियां खुली रहें, यह आह्वान ठीक नहीं।