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पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के रिश्तेदार हुए ठगी के शिकार, कासगंज में मुकदमा दर्ज

Mon, 17 Feb 2020 12:37 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कासगंज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कासगंज Published by: मुकेश कुमार Updated Mon, 17 Feb 2020 12:37 AM IST
सार

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के रिश्तेदार कासगंज में ठगी का शिकार हो गए। उन्होंने तीन नामजदों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।

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relative of Akhilesh Yadav registered fraud case in kasganj
सांकेतिक तस्वीर

विस्तार

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के रिश्तेदार कासगंज में सात लाख की ठगी का शिकार हो गए। एक साल पहले हुई ठगी के इस मामले में जब जालसाजों ने धनराशि लौटाने और भूखंड का बैनामा करने से स्पष्ट मना कर दिया तो पीड़ित ने कासगंज कोतवाली में तीन नामजदों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
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कासगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव कादरपुर निवासी सौरभ यादव पुत्र प्रेमपाल यादव पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के नजदीकी रिश्तेदार हैं। वो प्रधान भी रह चुके हैं। उन्होंने कासगंज कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराकर जमीन का बैनामा कराने के नाम पर ठगी का आरोप लगाया है। 
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सौरभ यादव का आरोप है कि एक वर्ष पहले सहावर थाना क्षेत्र के गांव कुंवरपुर निवासी चिंटू उर्फ शैलेंद्र ने एक जमीन का सौदा कराया था। भूखंड मानपुर नगरिया के बाबर की मां फातिमा के नाम के था। सात लाख रुपये में इसका बैनामा कराने की बात कही गई थी। 
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आरोपी नहीं करा रहे जमीन का बैनामा

उन्होंने पुलिस को बताया कि उनके बहनोई सेना में कर्नल हैं। वो असम में तैनात हैं। वो भी कासगंज में जमीन तलाश रहे थे। इसलिए उन्होंने बहनोई के लिए बैनामा तय किया। उन्होंने छह लाख रुपये चिंटू के खाते में डाले और एक लाख रुपये का भुगतान बाबर के खाते में कर दिया। 

एक साल तक आजकल कहकर यह लोग बैनामा के लिए टालते रहे और अब बैनामा कराने और धनराशि वापस करने से स्पष्ट इंकार कर दिया है। कासगंज कोतवाली पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है।

गृह मंत्रालय के आदेश का दिया हवाला

दर्ज कराए गए मुकदमे में पीड़ित सौरभ यादव ने गृह मंत्रालय के आदेश का हवाला दिया है। जिसमें प्रदेश सरकार की ओर से अफसरों को निर्देशित किया है कि सेना में तैनात जवानों और अफसरों के मामले प्राथमिकता से निपटाएं।

 

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