{"_id":"61013dee8ebc3e789f6a31ca","slug":"rain-in-mainpuri-weather-forecast-of-two-days","type":"story","status":"publish","title_hn":"मैनपुरी: जमकर बरसे बादल, मौसम विभाग का पांच दिन बारिश का अनुमान, जल्द पूरा होगा धान रोपाई का कार्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मैनपुरी: जमकर बरसे बादल, मौसम विभाग का पांच दिन बारिश का अनुमान, जल्द पूरा होगा धान रोपाई का कार्य
Wed, 28 Jul 2021 04:52 PM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 28 Jul 2021 04:52 PM IST
सार
बारिश शुरू होने के साथ ही धान की रोपाई के कार्य ने भी जोर पकड़ लिया है। मैनपुरी में लगभग डेढ़ लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में किसान धान की रोपाई करते हैं।
विज्ञापन
मैनपुरी में हुई बारिश
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मैनपुरी जिले में मानसून सक्रिय होने के साथ ही अब बादलों ने आसमान में डेरा लिया। मंगलवार शाम को बारिश होने के बाद रात में भी बूंदाबांदी होती रही तो वहीं बुधवार को जिले भर में सुबह तेज बारिश हुई। धूप न निकलने के चलते मौसम ठंडा रहा। मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार पांच दिनों तक मौसम ऐसा ही रहने की संभावना है।
विज्ञापन
जुलाई का अंतिम सप्ताह चल रहा है, ऐसे में मानसून की सक्रियता भी बढ़ गई है। बीते कई दिनों से रुक-रुककर बारिश होने का सिलसिला जारी है। मंगलवार शाम को ह़ुई बारिश से मौसम ठंडा हो गया था। वहीं रात में भी हल्की बूंदाबांदी होती रही। बुधवार की सुबह हुई तो मौसम और बिगड़ गया। जिले भर में तेज बारिश हुई। इसके चलते मौसम ठंडा हो गया। अधिकतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस गिरकर 19 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। उमसभरी गर्मी से लोगों को राहत मिली। दिन भर बादल छाए रहने से धूप नहीं निकली। कृषि विज्ञान केंद्र द्वारा जारी मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार आगामी पांच दिनों तक बारिश होने की संभावना है। ऐसे में मौसम ठंडा रहेगा, जिससे लोगों के साथ फसलों को भी राहत मिलेगी।
विज्ञापन
जल्द पूरा होगा धान की रोपाई का कार्य
बारिश शुरू होने के साथ ही धान की रोपाई के कार्य ने भी जोर पकड़ लिया है। मैनपुरी में लगभग डेढ़ लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में किसान धान की रोपाई करते हैं। निजी संसाधनों से पानी की व्यवस्था कर धान की रोपाई महंगी पड़ रही थी। अब बारिश शुरू होने के बाद जल्द ही धान की रोपाई का काम पूरा हो जाएगा।
विज्ञापन
कासगंज: कत्ल से पहले पिलाई शराब फिर मार दी गोली, जंगल में दफनाया शव, एक साल बाद हुआ सनसनीखेज खुलासा