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तेज हवा के साथ हुई बारिश, कुछ क्षेत्रों में हुई ओलावृष्टि
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मैनपुरी। बृहस्पतिवार को सुबह से ही मौसम बदल गया। आसमान में बादल छाए रहने के साथ ही तेज हवा चलती रही। दोपहर बाद जिलेभर में बारिश हुई। वहीं किशनी और कुरावली क्षेत्र में ओलावृष्टि भी हुई। इसके चलते जहां सर्दी बढ़ गई है तो वहीं फसलों में भी नुकसान होगा।
मौसम विभाग की ओर से चार और पांच फरवरी को तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया था। लेकिन एक दिन पहले ही मौसम बदल गया। बृहस्पतिवार को सुबह हुई तो आसमान में बादल छाए रहने के साथ ही तेज हवा चलना शुरू हो गई। दिनभर सर्द हवा लोगों को ठिठुरन का अहसास कराती रही। वहीं अपराह्न तीन बजे के करीब तेज बारिश शुरू हो गई। लगभग आधा घंटे तक जिले में बारिश हुई।
बारिश के साथ-साथ कुरावली और किशनी क्षेत्र में ओलावृष्टि भी हुई। ओले पड़ने से परेशानी और बढ़ गई है। इससे एक ओर जहां गलन बढ़ गई है वहीं फसलों में भी नुकसान होने की आशंका है। बारिश के बाद न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस रहा तो वहीं अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रहा। कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक नरेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि आगामी दो दिन तक मौसम खराब रहेगा। दोबारा बारिश हो सकती है।
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सरसों और गेहूं की फसल को नुकसान
मैनपुरी कृषि प्रधान जिला है। वर्तमान में गेहूं के साथ-साथ खेतों में आलू और सरसों की फसल खड़ी है। गेहूं की फसल में जहां बाल निकाल रही है तो वहीं सरसों की फसल में फली आ चुकी है। ओलावृष्टि से इन दोनों ही फसलों में नुकसान है। फसलों में होने वाले नुकसान को लेकर किसान चिंतित हैं। उनकी परेशानी इसलिए भी अधिक है क्योंकि आगामी दो दिन अभी और मौसम खराब रहने की आशंका बनी हुई है।
कृषि विभाग कराएगा नुकसान का आकलन
ओलावृष्टि होने से किसान फसल में नुकसान होने की बात कह रहे हैं। किसानों का कहना है कि जिन क्षेत्रों में ओलावृष्टि हुई है वहां गेहूं और सरसों में नुकसान हुआ है। वहीं पिछेती आलू की फसल भी प्रभावित हुई है। नुकसान कहां और किस फसल में कितना हुआ है, इसका आकलन कृषि विभाग द्वारा कराया जाएगा। जिला कृषि अधिकारी डॉ. सूर्यप्रताप सिंह ने बताया कि मौसम साफ होने के बाद क्षेत्र में कृषि विभाग की टीम सर्वे करने के बाद नुकसान का आंकड़ा जारी करेगी।
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मौसम विभाग की ओर से चार और पांच फरवरी को तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया था। लेकिन एक दिन पहले ही मौसम बदल गया। बृहस्पतिवार को सुबह हुई तो आसमान में बादल छाए रहने के साथ ही तेज हवा चलना शुरू हो गई। दिनभर सर्द हवा लोगों को ठिठुरन का अहसास कराती रही। वहीं अपराह्न तीन बजे के करीब तेज बारिश शुरू हो गई। लगभग आधा घंटे तक जिले में बारिश हुई।
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बारिश के साथ-साथ कुरावली और किशनी क्षेत्र में ओलावृष्टि भी हुई। ओले पड़ने से परेशानी और बढ़ गई है। इससे एक ओर जहां गलन बढ़ गई है वहीं फसलों में भी नुकसान होने की आशंका है। बारिश के बाद न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस रहा तो वहीं अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रहा। कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक नरेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि आगामी दो दिन तक मौसम खराब रहेगा। दोबारा बारिश हो सकती है।
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सरसों और गेहूं की फसल को नुकसान
मैनपुरी कृषि प्रधान जिला है। वर्तमान में गेहूं के साथ-साथ खेतों में आलू और सरसों की फसल खड़ी है। गेहूं की फसल में जहां बाल निकाल रही है तो वहीं सरसों की फसल में फली आ चुकी है। ओलावृष्टि से इन दोनों ही फसलों में नुकसान है। फसलों में होने वाले नुकसान को लेकर किसान चिंतित हैं। उनकी परेशानी इसलिए भी अधिक है क्योंकि आगामी दो दिन अभी और मौसम खराब रहने की आशंका बनी हुई है।
कृषि विभाग कराएगा नुकसान का आकलन
ओलावृष्टि होने से किसान फसल में नुकसान होने की बात कह रहे हैं। किसानों का कहना है कि जिन क्षेत्रों में ओलावृष्टि हुई है वहां गेहूं और सरसों में नुकसान हुआ है। वहीं पिछेती आलू की फसल भी प्रभावित हुई है। नुकसान कहां और किस फसल में कितना हुआ है, इसका आकलन कृषि विभाग द्वारा कराया जाएगा। जिला कृषि अधिकारी डॉ. सूर्यप्रताप सिंह ने बताया कि मौसम साफ होने के बाद क्षेत्र में कृषि विभाग की टीम सर्वे करने के बाद नुकसान का आंकड़ा जारी करेगी।