आगरा: सूदखोरों पर शिकंजा कसेगा 'ऑपरेशन मुक्ति’, एसएसपी ने किया सेल का गठन
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आगरा में सूदखोरों के चंगुल से लोगों को बचाने के लिए पुलिस ने ‘ऑपरेशन मुक्ति’ अभियान की शुरुआत की है। इसके तहत एसएसपी कार्यालय में एक सेल का गठन किया गया है। लोगों से ब्याज पर ब्याज वसूलने के बाद भी मूलधन के लिए उत्पीड़न करने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी। मुकदमे भी दर्ज किए जाएंगे।
थाना शाहगंज क्षेत्र में जूता कारीगर ने परिवार सहित आत्महत्या का प्रयास किया था। उसका आरोप था कि सूदखोर ने उसे फंसा लिया था। उससे मारपीट की गई। कोरे कागज पर हस्ताक्षर करा लिए गए। इस मामले में तीन सूदखोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था।
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इस मामले में आरोपियों को जेल भेजा गया था। इनके अलावा भी कई परिवार रोजाना एसएसपी कार्यालय में शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं। कुछ तो सूदखोरों के चंगुल में फंसकर अपनी सारी जमापूंजी तक गवां चुके है। कुछ आत्महत्या भी कर चुके हैं।
आगरा में सूदखोरी की शिकायतें बढ़ीं
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) बबलू कुमार ने बताया कि सूदखोरी की शिकायतों की संख्या बढ़ गई है। वो मनमाफिक ब्याज वसूलकर लोगों से वसूली करते हैं। ब्याज देने के बावजूद भी मूलधन की मांग की जाती है। इस कारण लोग तनाव में आ जाते हैं। ऐसे लोगों पर अंकुश लगाने के लिए ‘ऑपरेशन मुक्ति’ अभियान शुरू किया गया है।
एसएसपी ने अपने ऑफिस में एक सेल का गठन किया है। एसपी क्राइम को इसका नोडल अधिकारी बनाया है। थानों और एसएसपी आफिस में आने वाली सूदखोरी की शिकायतों को इसी सेल में भेजा जाएगा। इसमें देखा जाएगा कि रकम वसूलने वाला कौन है। इसके लिए साहूकारी लाइसेंस लिया गया है या नहीं। आरोपियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज करके कार्रवाई की जाएगी। लोग बिना डरे अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।