पीएम मोदी ने महापौरों को दिए शहर संवारने के सूत्र: कहा- हर माह चुनें सबसे स्वच्छ वार्ड, सात दिन मनाएं नदी उत्सव
अखिल भारतीय महापौर परिषद के सम्मेलन वाराणसी में आयोजित हुआ। जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र वर्चुअल माध्यम से महापौरों से रूबरू हुए। सम्मेलन में परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं आगरा के मेयर नवीन जैन ने प्रधानमंत्री से पार्षदों को 15 हजार रुपये प्रतिमाह भत्ता दिलाए जाने की मांग की।
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अखिल भारतीय महापौर परिषद के सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश भर के 150 से ज्यादा महापौरों से वर्चुअल संवाद किया। वाराणसी में हुए कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने महापौरों से कहा कि हर माह स्वच्छता के लिए सभी वार्डों में प्रतियोगिता कराएं। सबसे स्वच्छ वार्ड चुनकर सम्मानित करें और सात दिन का नदी उत्सव मनाएं, ताकि लोग नदियों की दशा और दिशा पर चिंतन कर उन्हें बचाने के अभियान में भागीदार बनें।
प्रधानमंत्री मोदी ने सभी महापौरों को शहर संवारने के सूत्र दिए। वहीं महापौर परिषद ने प्रधानमंत्री से पार्षदों को हर माह 15000 रुपये भत्ता देने, स्मार्ट सिटी के अध्यक्ष मेयर को नियुक्त करने, आवास विकास, प्राधिकरण और डूडा जैसे विभाग नगर निगम के अधीन करने की मांग की।
मेयर नवीन जैन ने की ये मांग
सम्मेलन में प्रधानमंत्री से अखिल भारतीय महापौर परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं आगरा के मेयर नवीन जैन ने कहा कि जिस तरह जिला पंचायत अध्यक्ष, सदस्यों को भत्ता दिया जा रहा है, उसी तर्ज पर नगर निगम के पार्षदों को 15 हजार रुपये प्रति माह भत्ता दिया जाए। एक देश, एक विधान के लिए देश में मेयर का चुनाव एक समान करने और कार्यकाल भी एक समान करने की मांग की।
मेयर नवीन जैन ने 74 वें संशोधन को लागू करने के साथ स्मार्ट सिटी कंपनी के अध्यक्ष मेयर को बनाने, नगर आयुक्त, कमिश्नर की सीआर लिखने का अधिकार मेयर को देने की मांग की। सम्मेलन में केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन, मेयर नवीन जैन मंचासीन रहे।
प्रधानमंत्री ने महापौरों को ये दिए सुझाव
- स्वच्छता सर्वे में अपने शहर को आगे बढ़ाने के काम करें
- हर माह सबसे स्वच्छ वार्ड को चुनकर सम्मानित करें
- अमृत महोत्सव में रंगोली, लोरी, गीत प्रतियोगिता आयोजित करें
- नदियों के किनारे बसे शहर अपनी नदियों को बचाएं और संवारें
- हर साल सात दिन का नदी उत्सव मनाएं, शहर के लोग जोड़ें
- सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध, बेहतर कूड़ा निस्तारण करें
- अपने शहर का स्थापना दिवस जनता के साथ धूमधाम से बनाएं
- शहर के एक चौराहे को पीपीपी मॉडल पर सौंदर्यीकरण कराएं