{"_id":"60a730a28ebc3e6dc26f90cf","slug":"operation-of-suspected-black-fungus-patient-at-sn-medical-college-agra","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगरा: एसएन मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस की संदिग्ध मरीज का ऑपरेशन, नमूने जांच को भेजे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आगरा: एसएन मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस की संदिग्ध मरीज का ऑपरेशन, नमूने जांच को भेजे
Sat, 22 May 2021 12:08 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sat, 22 May 2021 12:08 AM IST
सार
24 घंटे में ब्लैक फंगस के दो नए समेत कुल चार संदिग्ध मरीज मिले हैं। जिनमें एक कोरोना संक्रमित है। सभी का उपचार एसएन मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।
विज्ञापन
ब्लैक फंगस (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में ब्लैक फंगस की संदिग्ध मरीज का ऑपरेशन किया गया है। नमूने जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। जांच के बाद ब्लैक फंगस है या नहीं, इसकी पुष्टि हो जाएगी। उधर, जिला प्रशासन और कोविड टास्क फोर्स ने ताजनगरी में ब्लैक फंगस बीमारी को लेकर गुरुवार को रेड अलर्ट जारी किया है।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में भर्ती पहली संदिग्ध मरीज (50 वर्षीय महिला) का ऑपरेशन डॉ. अखिल प्रताप ने गुरुवार शाम को किया। उन्होंने बताया कि महिला को संदिग्ध मानते हुए इलाज किया जा रहा है। मरीज में बीमारी खतरनाक स्थित पर न पहुंचे, इसके लिए एहतियातन ऑपरेशन किया गया। जिससे अंदर जो भी गंदगी है, उसे हटाया जा सके।
विज्ञापन
ईएनटी रोग विशेषज्ञ डॉ. अखिल प्रताप ने बताया कि संदिग्ध मरीज के सैंपल जांच के लिए भेजे है। केओएच माउंट और हिस्टोपैथोलॉजी जांच कराई जाएगी। इसके बाद मरीज में ब्लैक फंगस की स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज को मिले 50 इंजेक्शन
एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि शासन स्तर से ब्लैक फंगस के इलाज के लिए 50 इंजेक्शन उपलब्ध करा दिए गए हैं। इस समय ब्लैक फंगस के कुल चार संदिग्ध मरीजों का इलाज चल रहा है। इसमें से एक का गुरुवार को ऑपरेशन किया गया। शासन स्तर से प्राप्त इंजेक्शन का इस्तेमाल मेडिकल कॉलेज में भर्ती होने वाले मरीजों पर ही किया जाएगा। बाहर के मरीजों के इलाज के लिए इंजेक्शन यहां से नहीं उपलब्ध कराया जाएगा।
गुरुवार को जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह और ब्लैक फंगस नोडल अधिकारी डॉ. अखिल प्रताप सिंह ने बचाव, उपचार और जांच को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। एसएन मेडिकल कॉलेज में नाक, कान, गला विभाग के सह आचार्य डॉ. अखिल प्रताप सिंह ने बताया कि चार संदिग्ध एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती हुए हैं।
जिनमें दो संदिग्ध गुरुवार को आए। इनमें एक कोरोना संक्रमित है। बाकी तीनों में ब्लैक फंगस की पुष्टि के लिए बायोप्सी एवं फंगस कल्चर टेस्ट के लिए सैंपल भेजे हैं। उन्होंने बताया कि एसएन में ब्लैक फंगस मरीजों को भर्ती करने के लिए आठ बेड का स्पेशल वार्ड मेडिसिन विभाग में बनाया है।
एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि शासन स्तर से ब्लैक फंगस के इलाज के लिए 50 इंजेक्शन उपलब्ध करा दिए गए हैं। इस समय ब्लैक फंगस के कुल चार संदिग्ध मरीजों का इलाज चल रहा है। इसमें से एक का गुरुवार को ऑपरेशन किया गया। शासन स्तर से प्राप्त इंजेक्शन का इस्तेमाल मेडिकल कॉलेज में भर्ती होने वाले मरीजों पर ही किया जाएगा। बाहर के मरीजों के इलाज के लिए इंजेक्शन यहां से नहीं उपलब्ध कराया जाएगा।
गुरुवार को जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह और ब्लैक फंगस नोडल अधिकारी डॉ. अखिल प्रताप सिंह ने बचाव, उपचार और जांच को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। एसएन मेडिकल कॉलेज में नाक, कान, गला विभाग के सह आचार्य डॉ. अखिल प्रताप सिंह ने बताया कि चार संदिग्ध एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती हुए हैं।
जिनमें दो संदिग्ध गुरुवार को आए। इनमें एक कोरोना संक्रमित है। बाकी तीनों में ब्लैक फंगस की पुष्टि के लिए बायोप्सी एवं फंगस कल्चर टेस्ट के लिए सैंपल भेजे हैं। उन्होंने बताया कि एसएन में ब्लैक फंगस मरीजों को भर्ती करने के लिए आठ बेड का स्पेशल वार्ड मेडिसिन विभाग में बनाया है।