Agra Pollution: ताजनगरी में 24 जगह संकरी सड़कें बढ़ा रहीं प्रदूषण, IIT कानपुर की रिपोर्ट में हुआ खुलासा
आईआईटी कानपुर की रिपोर्ट में कुछ ऐसे मार्गों का जिक्र हैं, जहां ट्रैफिक जाम की समस्या बनी रहती है। जाम के कारण प्रदूषण बढ़ रहा है। इन स्थानों पर अतिक्रमण हटाकर लेन ड्राइविंग का सुझाव दिया गया है।
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ताजनगरी की सड़कों, चौराहों पर धूल और प्रदूषण के पीछे मुख्य वजह संकरी सड़कें हैं, जहां ट्रैफिक जाम के कारण वाहनों के उत्सर्जन से लोगों का सांस लेना मुहाल है। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर ने ताजनगरी में ऐसे 24 चौराहों की पहचान की है, जहां जाम के कारण प्रदूषण बढ़ रहा है। आईआईटी ने जाम के हॉट स्पॉट बने इन 24 चौराहों पर अतिक्रमण हटाकर लेन ड्राइविंग और सड़कों को चौड़ा करने की सिफारिश की है। जाम के लिए एसपी ट्रैफिक की जवाबदेही तय करने के लिए कहा है।
इन जगहों पर जाम की अधिक समस्या
भोगीपुरा चौराहा, रकाबगंज चौराहा, राजा की मंडी चौराहा, पंचकुइयां चौराहा, हरीपर्वत चौराहा, प्रोफेसर कॉलोनी चौराहा, आरबीएस चौराहा, लोहामंडी चौराहा, मदिया कटरा तिराहा, चर्च रोड खंदारी चौराहा, ईदगाह चौराहा, शाहगंज चौराहा, नगर निगम तिराहा, दीवानी चौराहा, सुल्तानगंज की पुलिया, दीवानी मंडी, लंगड़े की चौकी, बिजलीघर, किनारी बाजार, पीपल मंडी, मंटोला, रामबाग, बाईपास रोड और रुई की मंडी पर जाम लगने की समस्या है।
अतिक्रमण हटाकर चौड़ी की जाएं सड़कें
आईआईटी कानपुर की रिपोर्ट में एसपी ट्रैफिक को हॉटस्पॉट से जाम हटाने केलिए जवाबदेह बनाने को कहा गया है। जाम से मुक्ति के लिए सड़कों से अतिक्रमण हटाकर इन्हें चौड़ा करने, लेन ड्राइविंग को प्रोत्साहन देने, फ्री पार्किंग जोन हटाने, सड़कों पर खड़े कबाड़ वाहन हटाने की सिफारिश की गई है।
नालों को स्लैब से किया जाए कवर
आईआईटी कानपुर ने ताजमहल पर प्रदूषण के कारणों की जांच कर जो रिपोर्ट सौंपी है, उसमें शहर के बड़े नालों मंटोला, ताज ईस्ट ड्रेन, कोल्हियाई नाला, वाटर वर्क्स नाला, नराइच नाला, भैरों नाला, नगला बूढ़ी नाला, अनुराग नगर नाला, पीलाखार नाला को कवर करने का सुझाव दिया है। नालों को एसटीपी तक डायवर्ट करने और शोधन के बाद ही इनका पानी यमुना में छोड़ने के लिए कहा है। इससे अमोनिया, हाइड्रोजन सल्फाइड गैस नहीं बनेगी और यमुना से दुर्गंध नहीं उठेगी।