{"_id":"635996c22e4d053be5427525","slug":"monkey-bite-foriegner-agra-news-agr551443587","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra: ताजमहल पर बंदरों का आतंक जारी, अब इस देश के पर्यटक को काटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra: ताजमहल पर बंदरों का आतंक जारी, अब इस देश के पर्यटक को काटा
Thu, 27 Oct 2022 01:51 AM IST
आगरा ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: आगरा ब्यूरो
Updated Thu, 27 Oct 2022 01:51 AM IST
सार
एएसआई ने बंदरों की रोकथाम के लिए ताज के बगीचों के चारों ओर तारों की फेंसिंग कराई थी, ताकि वह आसानी से ताज परिसर में नहीं पहुंच सकें। इसी तरह पेड़ों की टहनियां भी कटवाई गईं, मगर इसका भी कोई फायदा नहीं हुआ।
विज्ञापन
ताजमहल परिसर में घूमता बंदर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ताजमहल के पश्चिमी गेट पर ताज रेस्तरां के पास न्यूजीलैंड की एक एयरलाइंस कंपनी के आठ सदस्यीय दल के सदस्य पर बंदर ने हमला कर दिया। बंदर ने उछलकर पर्यटक के कूल्हे में काट लिया। पर्यटक को ताज परिसर में प्राथमिक उपचार दिलाया गया, लेकिन वैक्सीन नहीं मिली।
न्यूजीलैंड की एयरलाइंस कंटास के चालक दल के आठ सदस्य सूर्योदय पर ताज देखने पहुंचे थे। गाइड मुफीज अहमद ने बताया कि पश्चिमी गेट पर रेस्तरां के पास खड़े थे, तभी अचानक एक बंदर ने दल के सदस्य स्टीव के कूल्हे पर काट लिया। शोर मचाने पर बंदर तो भाग गया, मगर पर्यटक की हालत खराब हो गई। गाइड ने एएसआई के कर्मचारियों को सूचना दी। इसके बाद ताज परिसर में ही प्राथमिक उपचार किया गया। पर्यटक एंटी रैबीज वैक्सीन लगाने पर अड़ गया, मगर ताज में यह उपलब्ध नहीं थी। बाद में पर्यटक के साथियों ने अपने नई दिल्ली में वैक्सीन लगवाने की कहकर शांत किया। इसके बाद दल के सदस्यों ने अनमने मन से ताज का दीदार किया और चले गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
न्यूजीलैंड की एयरलाइंस कंटास के चालक दल के आठ सदस्य सूर्योदय पर ताज देखने पहुंचे थे। गाइड मुफीज अहमद ने बताया कि पश्चिमी गेट पर रेस्तरां के पास खड़े थे, तभी अचानक एक बंदर ने दल के सदस्य स्टीव के कूल्हे पर काट लिया। शोर मचाने पर बंदर तो भाग गया, मगर पर्यटक की हालत खराब हो गई। गाइड ने एएसआई के कर्मचारियों को सूचना दी। इसके बाद ताज परिसर में ही प्राथमिक उपचार किया गया। पर्यटक एंटी रैबीज वैक्सीन लगाने पर अड़ गया, मगर ताज में यह उपलब्ध नहीं थी। बाद में पर्यटक के साथियों ने अपने नई दिल्ली में वैक्सीन लगवाने की कहकर शांत किया। इसके बाद दल के सदस्यों ने अनमने मन से ताज का दीदार किया और चले गए।
विज्ञापन
बंदरों से बचाव को फेंसिंग भी नाकाम
एएसआई ने बंदरों की रोकथाम के लिए ताज के बगीचों के चारों ओर तारों की फेंसिंग कराई थी, ताकि वह आसानी से ताज परिसर में नहीं पहुंच सकें। इसी तरह पेड़ों की टहनियां भी कटवाई गईं, मगर इसका भी कोई फायदा नहीं हुआ। मुख्य गुंबद पर दो कर्मचारी भी तैनात किए गए हैं।
विज्ञापन