{"_id":"5d43cc618ebc3e6d1971b8a6","slug":"mathura-army-jawan-martyred-in-jammu-and-kashmir","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जम्मू-कश्मीर में आतंकियों से लड़ते हुए शहीद हुआ मथुरा का लाल, परिवार में मचा कोहराम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जम्मू-कश्मीर में आतंकियों से लड़ते हुए शहीद हुआ मथुरा का लाल, परिवार में मचा कोहराम
Fri, 02 Aug 2019 08:47 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 02 Aug 2019 08:47 PM IST
विज्ञापन
शहीद रामवीर का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू कश्मीर के शोपियां जिले में गुरुवार देर रात आतंकियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई मुठभेड़ में मथुरा का एक लाल शहीद हो गया। कोसीकलां के गांव हुलवाना निवासी रामवीर सिंह आतंकियों से खूब लड़ा। इस जांबाज द्वारा चलाई गईं गोलियां कई आतंकियों को लगी थीं। सीमा का यह प्रहरी अंतिम सांस तक लड़ता रहा और भारत मां पर कुर्बान हो गया।
सेना से मिली जानकारी के मुताबिक शोपियां जिले के पांडुन्सन इलाके में सुरक्षा बलों को आतंकियों के छिपे होने की सूचना मिली थी। गुरुवार की देर रात को करीब 12 बजे सूचना मिली और उसके बाद आपरेशन सर्च शुरू हुआ।
सेना ने उस इलाके को घेर लिया था जहां आतंकियों के छिपे होने की पुख्ता जानकारी थी। आपरेशन शुरू होते ही सेना और आतंकियों की तरफ से फायरिंग शुरू हो गई।
विज्ञापन
सेना से मिली जानकारी के मुताबिक शोपियां जिले के पांडुन्सन इलाके में सुरक्षा बलों को आतंकियों के छिपे होने की सूचना मिली थी। गुरुवार की देर रात को करीब 12 बजे सूचना मिली और उसके बाद आपरेशन सर्च शुरू हुआ।
विज्ञापन
सेना ने उस इलाके को घेर लिया था जहां आतंकियों के छिपे होने की पुख्ता जानकारी थी। आपरेशन शुरू होते ही सेना और आतंकियों की तरफ से फायरिंग शुरू हो गई।
सेना की इस टीम में मथुरा के कोसीकलां में हुलवाना गांव का रामवीर सिंह भी था। बताया जाता है कि इस आपरेशन में रामवीर सबसे आगे था। मुठभेड़ में रामवीर द्वारा की गई फायरिंग में कई आतंकियों को गोली लगने की भी सूचना है।
इस जांबाज ने आतंकियों को पीछे हटने के लिए मजबूर कर दिया था। मुठभेड़ में रामवीर के गोलियां लगीं और वह दुश्मनों से लड़ते लड़ते देश के लिए शहीद हो गया। सेना के अफसरों ने शुक्रवार की तड़के करीब पांच बजे रामवीर के चचेरे भाई महेश को फोन करके इसकी जानकारी दी।
सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिवार वालों को जो बताया गया है उसके मुताबिक शनिवार की दोपहर तक शहीद का पार्थिव शरीर गांव में पहुंच जाएगा।
इस जांबाज ने आतंकियों को पीछे हटने के लिए मजबूर कर दिया था। मुठभेड़ में रामवीर के गोलियां लगीं और वह दुश्मनों से लड़ते लड़ते देश के लिए शहीद हो गया। सेना के अफसरों ने शुक्रवार की तड़के करीब पांच बजे रामवीर के चचेरे भाई महेश को फोन करके इसकी जानकारी दी।
सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिवार वालों को जो बताया गया है उसके मुताबिक शनिवार की दोपहर तक शहीद का पार्थिव शरीर गांव में पहुंच जाएगा।