{"_id":"615c97b48ebc3ed08f309111","slug":"loved-ones-did-begana-got-love-from-others-mainpuri-news-agr5104209107","type":"story","status":"publish","title_hn":"अपनों ने किया बेगाना, गैरों से मिला प्यार और आशियाना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अपनों ने किया बेगाना, गैरों से मिला प्यार और आशियाना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इलाहबांस। एक मां ने दुधमुंही बच्ची को झाड़ियों में फेंककर ममता को शर्मसार कर दिया। जिन अपनों ने उसे जन्म दिया उन्होंने उसे दुनिया में आते ही बेगाना कर दिय्रा। गैरों ने न केवल उसे अपनाया बल्कि प्यार और आशियाना भी दिया।
मामला थाना एलाऊ क्षेत्र के गांव रंपुरा का है। मंगलवार को सुबह गांव निवासी शिवनाथ सिंह खेतों की ओर जा रहे थे तालाब के किनारे झाड़ियों में उन्हें बच्ची की रोने की आवाज सुनाई दी। देखा तो नवजात बच्ची कीचड़ में लिपटी मिली। उन्होंने इसकी जानकारी पत्नी विनीता को दी। गांव के लोग भी बच्ची को देखने के लिए जमा हो गए। बच्ची किसकी है ये जानकारी नहीं हो सकी। शिवनाथ और विनीता ने बच्ची को अपने पास रख लिया।
शिवनाथ पर नहीं है संतान
शिवनाथ के कोई संतान नहीं है। कुछ साल पहले उनके 17 साल के बेटे की बीमारी से मौत हो गई थी। दंपती सहित पूरा परिवार बेटी के आने से खुश है।
----
बच्चे के लिए की थीं दो शादियां
शिवनाथ सिंह ने बेटे की मौत के बाद जब पत्नी से दूसरी संतान नहीं हुई तो दूसरी शादी की, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। दूसरी पत्नी से भी संतान न होने पर शिवनाथ ने दोनों पत्नियों से संतान होने की उम्मीद छोड़ दी थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
मामला थाना एलाऊ क्षेत्र के गांव रंपुरा का है। मंगलवार को सुबह गांव निवासी शिवनाथ सिंह खेतों की ओर जा रहे थे तालाब के किनारे झाड़ियों में उन्हें बच्ची की रोने की आवाज सुनाई दी। देखा तो नवजात बच्ची कीचड़ में लिपटी मिली। उन्होंने इसकी जानकारी पत्नी विनीता को दी। गांव के लोग भी बच्ची को देखने के लिए जमा हो गए। बच्ची किसकी है ये जानकारी नहीं हो सकी। शिवनाथ और विनीता ने बच्ची को अपने पास रख लिया।
विज्ञापन
शिवनाथ पर नहीं है संतान
शिवनाथ के कोई संतान नहीं है। कुछ साल पहले उनके 17 साल के बेटे की बीमारी से मौत हो गई थी। दंपती सहित पूरा परिवार बेटी के आने से खुश है।
----
बच्चे के लिए की थीं दो शादियां
शिवनाथ सिंह ने बेटे की मौत के बाद जब पत्नी से दूसरी संतान नहीं हुई तो दूसरी शादी की, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। दूसरी पत्नी से भी संतान न होने पर शिवनाथ ने दोनों पत्नियों से संतान होने की उम्मीद छोड़ दी थी।
विज्ञापन