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भीख मांगता मिला बच्चा, बाल गृह में हंगामा

Sat, 28 Mar 2015 01:56 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला
ब्यूरो, अमर उजाला Updated Sat, 28 Mar 2015 01:56 AM IST
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राजकीय बाल गृह से सात दिन पहले कथित मां-बाप के सुपुर्द किया गया तीन साल का बालक सेंट जोंस चौराहे पर भीख मांगता मिला। जानकारी पर सामाजिक कार्यकर्ताओं ने गृह पर हंगामा किया। मौके पर आईं जिला प्रोबेशन अधिकारी ने दस्तावेज जब्त कर लिए।
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सामाजिक कार्यकर्ता नरेश पारस ने बताया कि तीन साल का बालक शुक्रवार देर शाम तकरीबन सात बजे सेंट जोंस चौराहे पर भीख मांग रहा था। वह कुछ बोल नहीं पा रहा था। वह उसे लेकर राजकीय बाल गृह शिशु पहुंचे। यहां कर्मचारी से पता चला कि बालक 17 मार्च को शाहगंज क्षेत्र में पुलिस को मिला था। तब उसे चाइल्ड लाइन के सुपुर्द कर दिया था। बाल कल्याण समिति के सदस्य आनंद कुमार और पूनम अग्रवाल के आदेश पर उसे गृह में रखा गया। शाम को बच्चे के कथित मां-बाप मुन्नी और भोला निवासी रावली मंदिर आए। बच्चे का नाम आशिफ उर्फ छोटू बताया। शपथ पत्र देने पर समिति के दोनों सदस्यों नेे 20 मार्च को उनके सुपुर्द कर दिया। नरेश पारस ने बताया कि बच्चे के मां-बाप पर अपनी पहचान से संबंधित दस्तावेज नहीं थे। इसी बीच वहां मौजूद महिला शांति सेना की वत्सला प्रभाकर, लक्ष्मी सिंह व अन्य लोगों ने बिना जांच के बच्चे को सुपुर्दगी में देने को लेकर हंगामा किया। मौके पर आईं जिला प्रोबेशन अधिकारी (डीपीओ) आर उमा माहेश्वरी ने समिति की अध्यक्ष कमलेश कुमारी को बुलाया। उन्हें बच्चे के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। आदेश भी अधूरे मिले। इस पर डीपीओ ने उपस्थिति रजिस्टर, आदेश से संबंधित अभिलेख जब्त किए। अलमारी की चाबियां कब्जे में ले लीं। लोगों ने डीपीओ को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की।
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क्यों उठे सवाल
1. बच्चे का नाम आशिफ उर्फ छोटू और मां का नाम मुन्नी और पिता का नाम भोला है।
2. शपथ पत्र में मां-बाप का पता अस्पष्ट है। कोई पहचान पत्र भी संलग्न नहीं किया गया।
3. दस रुपये के स्टांप पेपर पर नोटरी की गई है। इस पर मां-बाप का फोटो भी नहीं है।
4. गवाह का भी जिक्र नहीं है।
5. दाखिला और सुपुर्दगी आदेश पर बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष के हस्ताक्षर नहीं।
6. बच्चे को सुपुर्दगी में देने से पहले थाने पर सूचना नहीं दी गई।
7. बाल गृह में अब बच्चे की उपस्थिति दर्ज क्यों की जा रही थी।
8. कथित मां-बाप छह-सात घंटे बाद भी गृह पर नहीं आए।

नशे में धुत मिला भोला
मां-बाप के बारे में पुलिस जानकारी करने रावली मंदिर पर पहुंची तो वहां पर भोला नामक व्यक्ति मिला। नरेश पारस ने बताया कि वह नशे की हालत में था। वह खुद को बच्चे का पिता बताने लगा। मगर, वह ठीक से घर का पता नहीं बता पाया। पत्नी के बारे में बताया कि वह उसके साथ नहीं रहती है।
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