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पहले मिलेगा पुराना मुआवजा फिर बनेगी नई सड़क
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आगरा। शंकरगढ़ पुलिया से वायु विहार तक 13 साल से अधूरी सड़क बनने की उम्मीद अब जगी है। जिन लोगों की जमीन सड़क में गई है, पहले उन्हें पुराना मुआवजा मिलेगा। फिर आगे करीब दो किमी. लंबी नई सड़क बनेगी। मुआवजा व सड़क निर्माण के लिए 90 फीसदी लोगों ने सहमति पत्र पर हस्ताक्षर कर दिए हैं।
शंकरगढ़ पुलिया से वायु विहार के बीच 15 से अधिक कॉलोनियां हैं। 2008-09 में भीम नगरी समारोह के लिए विकास प्राधिकरण ने यहां सड़क बनाई थी। करीब तीन किमी. लंबी सड़क में केवल 800 मीटर बन सकी। आगे काम नहीं बढ़ा। 13 साल तक क्षेत्रीय लोग सड़क और मुआवजा के लिए गुहार लगाते रहे। सुनवाई नहीं होने पर छह मई को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से सर्किट हाउस में मिले। उन्हाेंने आयुक्त अमित गुप्ता को समस्या दूर कराने के निर्देश दिए थे।
इसके बाद एडीए उपाध्यक्ष राजेंद्र पैंसिया ने टीम के साथ मौका मुआयना किया। एडीए उपाध्यक्ष का कहना है कि 21 लोगों की जमीन सड़क के लिए ली गई थी। उन्हें पहले मुआवजा वितरित किया जाएगा। इसके बाद करीब दो किमी. नई सड़क निर्माण के लिए प्रस्ताव बनेगा। क्षेत्रीय निवासी राजेंद्र सिंह का कहना है कि 90 फीसदी लोगों ने मुआवजा के लिए सहमति पत्र भर दिए हैं। जल्द एडीए को मुआवजा वितरित कर सड़क बनाने का काम शुरू करना चाहिए।
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सड़क व मुआवजा के लिए तीन साल से लड़ाई लड़ रहे राजेंद्र सिंह ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए तीन दावेदार हैं। जिला पंचायत ने 7.82 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाया है। उधर, एडीए भी अपना प्रस्ताव बनाने की बात कह रहा है। क्षेत्रीय लोगों की मांग पर केबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य ने भी सड़क निर्माण के लिए सहमति जताई है।
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शंकरगढ़ पुलिया से वायु विहार के बीच 15 से अधिक कॉलोनियां हैं। 2008-09 में भीम नगरी समारोह के लिए विकास प्राधिकरण ने यहां सड़क बनाई थी। करीब तीन किमी. लंबी सड़क में केवल 800 मीटर बन सकी। आगे काम नहीं बढ़ा। 13 साल तक क्षेत्रीय लोग सड़क और मुआवजा के लिए गुहार लगाते रहे। सुनवाई नहीं होने पर छह मई को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से सर्किट हाउस में मिले। उन्हाेंने आयुक्त अमित गुप्ता को समस्या दूर कराने के निर्देश दिए थे।
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इसके बाद एडीए उपाध्यक्ष राजेंद्र पैंसिया ने टीम के साथ मौका मुआयना किया। एडीए उपाध्यक्ष का कहना है कि 21 लोगों की जमीन सड़क के लिए ली गई थी। उन्हें पहले मुआवजा वितरित किया जाएगा। इसके बाद करीब दो किमी. नई सड़क निर्माण के लिए प्रस्ताव बनेगा। क्षेत्रीय निवासी राजेंद्र सिंह का कहना है कि 90 फीसदी लोगों ने मुआवजा के लिए सहमति पत्र भर दिए हैं। जल्द एडीए को मुआवजा वितरित कर सड़क बनाने का काम शुरू करना चाहिए।
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सड़क व मुआवजा के लिए तीन साल से लड़ाई लड़ रहे राजेंद्र सिंह ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए तीन दावेदार हैं। जिला पंचायत ने 7.82 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाया है। उधर, एडीए भी अपना प्रस्ताव बनाने की बात कह रहा है। क्षेत्रीय लोगों की मांग पर केबिनेट मंत्री बेबीरानी मौर्य ने भी सड़क निर्माण के लिए सहमति जताई है।