Etah: सपा नेता भाइयों पर अवैध कब्जे की एक और एफआईआर, जान से मारने की कोशिश का भी आरोप
एटा में सपा नेता और अलीगंज के पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह यादव और उनके छोटे भाई जुगेंद्र सिंह यादव पर मीन कब्जाने की एक और रिपोर्ट दर्ज हुई है। पूर्व विधायक की गैंगस्टर एक्ट में गिरफ्तारी हो चुकी है, उसके बाद से लगातार दोनों भाइयो के पुराने मामले सामने आ रहे हैं।
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एटा के मलवान थाने में आसपुर निवासी एक व्यक्ति ने सपा नेता पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह यादव और उनके भाई जुगेंद्र सिंह यादव सहित तीन नामजद व अज्ञात लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई है। पीड़ित ने सता नेताओं पर उसकी जमीन कब्जाने और गले में अंगोछा डाल जान से मारने के प्रयास का आरोप लगाया है।
गांव आसपुर का है मामला
गांव आसपुर निवासी सद्दीक मोहम्मद ने थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि गांव में उसकी जमीन है। जिस पर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह यादव, पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह यादव, सुबोध कुमार, प्रमोद कुमार व पुष्पेंद्र कुमार ने कब्जा कर लिया है। पीड़ित ने बताया कि 29 मई 2021 को जुगेंद्र सिंह व रामेश्वर सिंह उसे पकड़वाकर अपने धानमिल ले गए। कुछ देर बाद उसका भाई रमन मोहम्मद भी वहां पहुंच गया। इस दौरान आरोपियों ने उसके गले में अंगोछा डालकर जान से मारने का प्रयास किया।
पीड़ित की नहीं हुई थी सुनवाई
पीड़ित ने बताया कि आरोपियों ने कहा कि 'तुम लोग ज्यादा प्रार्थनापत्र देते हो, तीन महीने बाद तुम्हें देख लूंगा। तुम्हारी जमीन पर तुमको पूरा कब्जा दूंगा।' इस मामले में उस समय प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। मलावन थानाध्यक्ष राजीव कुमार ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
बता दें पिछले सप्ताह मलावन थाने में दोनों सपा नेताओं पर व पुत्र पर जमीन पर कब्जा करने की एक और रिपोर्ट दर्ज की गई थी। हिंदूनगर निवासी व्यक्ति ने उसकी करोड़ों रुपये की जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया था। हिंदूनगर निवासी गीतम सिंह ने मलावन थाने में अलीगंज के पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह यादव, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह यादव, फर्रुखाबाद जनपद के राजेपुर के पूर्व ब्लॉक प्रमुख सुबोध कुमार सहित एक अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि आसपुर चौराहा के पास उसकी जमीन थी। पिता की मौत के बाद जमीन मां और हम भाइयों के नाम आ गई थी। जीटी रोड पर जमीन होने के कारण दबंगों की निगाह थी। उन्होंने सपा सरकार में जमीन पर कब्जा कर लिया।