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Agra News: भाजपा के पूर्व विधायक को भी साइबर अपराधियों ने नहीं छोड़ा, 13.92 लाख रुपये की ठगी

Sat, 12 Nov 2022 06:46 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Sat, 12 Nov 2022 06:46 PM IST
सार

थाना प्रभारी निरीक्षक आकाश सिंह का कहना है कि पूर्व विधायक से धोखाधड़ी के मामले में मुकदमा दर्ज किया है। इसमें दो लोगों को नामजद किया गया है। विवेचना की जा रही है। जिन खातों में रकम जमा हुई है, उनकी डिटेल निकलवाई जा रही है।

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Cyber criminals duped former BJP MLA of Rs 13.92 lakh in agra crime news
साइबर क्राइम (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा में साइबर अपराधियों ने आगरा पश्चिम विधानसभा सीट से पूर्व विधायक किशन गोपाल से 13.92 लाख रुपये की ठगी कर ली। दो लोगों ने बीमा कंपनी का प्रतिनिधि बनकर फोन किया। बीमा पॉलिसी का लाभ दिलाने के नाम पर कई खातों में रकम जमा करा ली। धोखाधड़ी का पता चलने पर पूर्व विधायक ने पुलिस से शिकायत की। मामले में रेंज साइबर थाना में मुकदमा दर्ज कर लिया है। 

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ये है मामला 

पूर्व विधायक किशन गोपाल अलका पुरी, प्रताप नगर के रहने वाले हैं। वह वर्ष 1989 और 1991 में आगरा पश्चिम विधानसभा सीट से दो बार भाजपा के विधायक रहे हैं। उन्होंने रेंज साइबर थाना पुलिस को बताया कि उन्होंने वर्ष 2011 में एंगोन लाइफ इंश्योरेंस कंपनी से बीमा पॉलिसी ली थी। एजेंट ने बताया था कि बीमा पॉलिसी की अवधि 16 साल तक है। दस साल तक प्रीमियम भरना होगा। बाकी छह साल कोई प्रीमियम अदा नहीं करना है। इसके बाद धनराशि का भुगतान कर दिया जाएगा।

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इस तरह हुआ शक 

पिछले साल पॉलिसी भरते हुए दस साल पूरे हो गए। इस पर उन्होंने प्रीमियम भरना बंद कर दिया। नवंबर 2021 में उनके पास एक कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को बीमा कंपनी का प्रतिनिधि बताया। इसके बाद बीमा पॉलिसी की जानकारी दी। इस कारण उस पर विश्वास हो गया। वह बीमा पॉलिसी की धनराशि समय पूर्व दिलाने की कहने लगा। यह भी बताया कि कुछ रकम जमा करने पर उन्हें बोनस के रूप में रकम और मिल जाएगी। इससे काफी फायदा होगा। उनसे रकम जमा करने के लिए कहने लगे। किसी न किसी बहाने से 02 नवंबर 2021 से 22 अप्रैल तक 12 बार में 13.92 लाख रुपये खाते में जमा करा लिए। इसके बावजूद रकम मांगना बंद नहीं किया। इस पर उन्हें शक हो गया।

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उन्होंने अपनी रकम वापस मांगी। इस पर फोन काट दिया। मोबाइल नंबर मिलाने पर स्विच ऑफ आने लगा। इसकी जानकारी पर पूर्व विधायक ने कंपनी से पता किया, लेकिन नंबर फर्जी निकला। इस पर पुलिस से शिकायत की। मामले में रेंज साइबर थाना में 09 नवंबर को मुकदमा दर्ज किया गया है। थाना प्रभारी निरीक्षक आकाश सिंह का कहना है कि पूर्व विधायक से धोखाधड़ी के मामले में मुकदमा दर्ज किया है। इसमें दो लोगों को नामजद किया गया है। विवेचना की जा रही है। जिन खातों में रकम जमा हुई है, उनकी डिटेल निकलवाई जा रही है।

बीमा पॉलिसी लाभ, लाटरी के झांसे में नहीं आएं

साइबर सेल के एक्सपर्ट के मुताबिक, साइबर अपराधी बीमा पॉलिसी का लाभ दिलाने, लाटरी खुलने, आफर का झांसा देकर भी लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। वह कॉल करके कंपनी का प्रतिनिधि बताते हैं। इसके बाद लाभ दिलाने के नाम पर रकम की मांग करते हैं। इसलिए ध्यान रखें किसी अंजान व्यक्ति को रकम नहीं दें। अगर, कोई व्यक्ति खाते की जानकारी और ओटीपी पूछता है तो नहीं बताएं। किसी तरह की साइबर ठगी होने पर पुलिस की सहायता लें। साइबर क्राइम हेल्प लाइन नंबर 1930 पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं। इसके बाद थाने में शिकायत करें।

पांच लाख से अधिक की धोखाधड़ी पर रेंज साइबर थाने में कार्रवाई

पुलिस लाइन में दो साल पहले रेंज साइबर थाना बना था। इसमें एक लाख से अधिक के मामले दर्ज किए जाते थे। अब थाना में 5 लाख की धोखाधड़ी पर ही मामले दर्ज किए जा रहे हैं। इससे कम रकम की साइबर धोखाधड़ी पर साइबर सेल और संबंधित थाना पुलिस में मुकदमा दर्ज किया जाता है।

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