फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   two man arrested for cyber fraud in agra

युवतियों से डेटिंग का झांसा देकर लोगों से डेढ़ करोड़ ठगे, बीहड़ में बनाईं कोठियां, दो गिरफ्तार

Sat, 31 Aug 2019 10:46 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 31 Aug 2019 10:46 AM IST
विज्ञापन
two man arrested for cyber fraud in agra
प्रतीकात्मक तस्वीर
जिस चंबल के बीहड़ में कभी डकैतों की दहशत थी, वहां अब साइबर अपराधियों ने ठिकाना बना लिया है। साइबर अपराधी न सिर्फ लोगों को झांसा देकर ठगी कर रहे हैं, बल्कि गांवों के युवाओं को भी साइबर अपराध की राह पर धकेल रहे हैं। 
विज्ञापन


कम से कम बीहड़ के 12 गांवों में इन अपराधियों ने एक तरह से ट्रेनिंग सेंटर चला रखे हैं। वे यहां लैपटॉप और कंप्यूटर लेकर बैठते हैं। युवाओं को सिखाते हैं कि कैसे लोगों को फोन पर झांसा देकर खाते में रकम जमा कराई जाए। बाद में इन युवकों से कमीशन लेते हैं।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: साइबर अपराधी ने बिछाया ऐेसा जाल, लिंक क्लिक करते ही व्यापारी ने गंवाए 15 हजार
विज्ञापन
विज्ञापन


गुरुवार को आगरा रेंज साइबर सेल ने दो अपराधी सचिन और दीवान सिंह खेड़ा राठौर से गिरफ्तार किए। ये दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, गुजरात और महाराष्ट्र के युवकों को युवतियों से डेटिंग का झांसा देकर ठगी करते थे। इनके गिरोह ने दो हजार लोगों से तकरीबन डेढ़ करोड़ रुपये की ठगी की है।

साइबर अपराधियों ने बनवाई कोठियां

दीवान सिंह गांव मझटीला, थाना खेड़ा राठौर और सचिन मिश्रा निवासी गांव सिंधावली, थाना बाह के रहने वाले हैं। दीवान सिंह ने ठगी की रकम से 500 गज में तीन मंजिला कोठी बनाई है। वहीं सचिन की भी कोठी है। गैंग में 24 से अधिक सदस्य हैं। 

ये भी पढ़ें: नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी करने वाला गिरोह पकड़ा, ऐसे खुला शातिरों का राज

पुलिस ने बताया कि सचिन और दीवान से पूछताछ में पता चला कि दोनों दिल्ली के गिरोह से साइबर अपराध सीखकर आए। इसके बाद इन्होंने ट्रेनिंग दी। अब गिरोह में मध्य प्रदेश के भी लोग शामिल हैं। इनमें अशोक निवासी ग्राम दडहेता, जैतपुर, नंदा, बृजेश, सुनील, खुशीलाल और सौबित फरार हैं।

रिश्तेदारों को भी सिखा दिया ठगी का खेल

दीवान सिंह ने अपने साले सुनील, बृजेश और नंदा उर्फ नंदकिशोर, अनिल, सचिन ने जीजा और अन्य रिश्तेदारों को ट्रेनिंग दी। रिश्तेदारों को फर्जी बैंक खाते खुलवाने, किराए पर एटीएम कार्ड लाने का काम दिया गया। ठगी की रकम जमा कराने के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा, भिंड शाखा के खाते का प्रयोग किया जा रहा है। यह खाता गौरव नाम पर है। 30 हजार रुपये में खाता किराए पर लिया गया था।

अंग्रेजी में बात करके फंसाती हैं जाल में 

सचिन, दीवान सिंह ने पुलिस को बताया कि उनके और अन्य सदस्यों के परिवार की महिलाओं को यूट्यूब से अंग्रेजी के कुछ शब्द बोलना सिखाया गया। पांचवीं, आठवीं पास ये महिलाएं अंग्रेजी के उतने ही शब्द बोलती हैं, जितने ठगी के लिए शिकार को फंसाने के काम आते हैं।

साइबर सेल रेंज के प्रभारी शैलेंद्र सिंह ने बताया कि अपराधियों के जो रिश्तेदार और परिवार की महिलाएं ट्रेनिंग लेकर उनका सहयोग कर रहे हैं, उन्हें भी आरोपी बनाया जाएगा, जिनके एटीएम कार्ड इस्तेमाल हुए, वे भी जेल जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed