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सामूहिक दुष्कर्म के आरोपी भाई को बहन ने नहीं दी पनाह, पुलिस बुलाकर करवाया गिरफ्तार
Sun, 07 Jul 2019 11:32 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 07 Jul 2019 11:32 AM IST
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सामूहिक दुष्कर्म का आरोपी
- फोटो : अमर उजाला
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आगरा में सामूहिक दुष्कर्म के आरोपी भाई को बहन ने खुद पुलिस बुलाकर गिरफ्तार करा दिया। दीवानी पेशी में गुरुवार को आरोपी, पुलिस की लापरवाही से फरार हुआ था। शाम को जिला कारागार ले जाते समय बंदियों की सही से गिनती नहीं की गई।
हवालात ड्यूटी में तैनात पुलिसकर्मियों ने भी सुरक्षा पर ध्यान नहीं दिया। आरोपी भागकर अपनी बहन के घर पहुंचा था, जहां उसे शरण नहीं मिली। वहीं इस मामले में पुलिस लाइन के छह सिपाही और बंदी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
जिला कारागार में सामूहिक दुष्कर्म के मामले में निरुद्ध कागारौल निवासी असलम को गुरुवार को अन्य बंदियों के साथ दीवानी पेशी पर लाया गया था। शाम को बंदियों को पुलिसकर्मी जेल में दाखिल करने गए थे। जेल में गिनती में असलम नहीं मिला था।
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इस पर उसके फरार होने की जानकारी मिली। पुलिसकर्मी यह तक नहीं बता सके थे कि उसकी पेशी हुई थी या नहीं? वह कहां और कैसे भागा? इस मामले की जांच एसपी प्रोटोकॉल डा. एमपी सिंह ने की। इसमें पुलिसकर्मियों की लापरवाही से बंदी के भागने की बात सामने आई।
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हवालात ड्यूटी में तैनात पुलिसकर्मियों ने भी सुरक्षा पर ध्यान नहीं दिया। आरोपी भागकर अपनी बहन के घर पहुंचा था, जहां उसे शरण नहीं मिली। वहीं इस मामले में पुलिस लाइन के छह सिपाही और बंदी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
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जिला कारागार में सामूहिक दुष्कर्म के मामले में निरुद्ध कागारौल निवासी असलम को गुरुवार को अन्य बंदियों के साथ दीवानी पेशी पर लाया गया था। शाम को बंदियों को पुलिसकर्मी जेल में दाखिल करने गए थे। जेल में गिनती में असलम नहीं मिला था।
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इस पर उसके फरार होने की जानकारी मिली। पुलिसकर्मी यह तक नहीं बता सके थे कि उसकी पेशी हुई थी या नहीं? वह कहां और कैसे भागा? इस मामले की जांच एसपी प्रोटोकॉल डा. एमपी सिंह ने की। इसमें पुलिसकर्मियों की लापरवाही से बंदी के भागने की बात सामने आई।
बहन के घर पहुंचा था आरोपी
आरोपी असलम की बहन नाई की मंडी में रहती है। दीवानी से भागने के बाद वो पैदल एमजी रोड होता हुआ बहन के घर पहुंच गया। बहन ने उससे पूछा कि तुम जेल में थे, यहां कैसे आ गए। इस पर बताया कि हवालात में वो रह गया था। इस कारण वो भटकता हुआ यहां आ गया है।
इस पर बहन ने उसे बैठा लिया। असलम को बातों में उलझाकर रखा। उसके यहां आने की सूचना पर थाना कागारौल पुलिस को दी। इसके बाद थाना न्यू आगरा पुलिस पहुंच गई। आरोपी असलम को पत्नी छोड़कर जा चुकी है। उसके तीन बच्चे भी हैं। आरोपी बकरों को बेचने का काम करता था।
उधर, इस मामले में पुलिस लाइन के एसआई उदयवीर सिंह ने मुख्य आरक्षी समुंद्र सिंह, आरक्षी अरविंद कुमार (ड्यूटी वितरण), शेर सिंह (चेकिंग ड्यूटी), प्रवीण (निगरानी एवं चेकिंग ड्यूटी), सिपाही अजय प्रताप सिंह, आरक्षी साजिद और बंदी असलम के खिलाफ धारा 223, 224 में मुकदमा दर्ज किया गया है।
इस पर बहन ने उसे बैठा लिया। असलम को बातों में उलझाकर रखा। उसके यहां आने की सूचना पर थाना कागारौल पुलिस को दी। इसके बाद थाना न्यू आगरा पुलिस पहुंच गई। आरोपी असलम को पत्नी छोड़कर जा चुकी है। उसके तीन बच्चे भी हैं। आरोपी बकरों को बेचने का काम करता था।
उधर, इस मामले में पुलिस लाइन के एसआई उदयवीर सिंह ने मुख्य आरक्षी समुंद्र सिंह, आरक्षी अरविंद कुमार (ड्यूटी वितरण), शेर सिंह (चेकिंग ड्यूटी), प्रवीण (निगरानी एवं चेकिंग ड्यूटी), सिपाही अजय प्रताप सिंह, आरक्षी साजिद और बंदी असलम के खिलाफ धारा 223, 224 में मुकदमा दर्ज किया गया है।