{"_id":"5aa52d8a4f1c1b3a058b4974","slug":"61520774538-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मोना और दीवान हर रोज सजाते थे महफिल","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
मोना और दीवान हर रोज सजाते थे महफिल
Updated Sun, 11 Mar 2018 06:55 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी/बरनाहल। जरायम जगत में कम उम्र में कई वारदात को अंजाम देने वाले बदमाशों के यहां रोजाना महफिल सजती थी। पुलिस मुठभेड़ के दौरान भागा बदमाश दीवान सिंह गैर समुदाय की युवती को एटा से भगा ले आया था। वहीं पुलिस पूछताछ में मोना ने कई युवतियों से संबंध की बात स्वीकार की है। उधर दीवान सिंह की वह प्रेमिका कहां हैं? इसके बारे में अब किसी को कोई जानकारी नहीं है।
मोना उर्फ यादवेंद्र और दीवान सिंह की क्षेत्र में दहशत थी। रंगदारी वसूलने के साथ शुरू हुआ यह सिलसिला लगातार जारी था। आठ लोगों के इस अंतरराज्यीय गैंग ने नोएडा, एटा, फिरोजाबाद समेत कई जनपदों में हत्या, लूट, डकैती की वारदातों को अंजाम दिया। कुछ ही दिनों में मोना, दीवान सिंह पर इनाम घोषित कर दिए गए थे। अपराध के साथ दीवान सिंह के प्रेम संबंध एक गैर संप्रदाय की युवती से हो गए थे। दोनों साथ रहने लगे थे फिर एक पंचायत के बाद युवती को छोड़ दिया था। गैंग के दूसरे सदस्य ने दीवान की छोड़ी प्रेमिका से कोर्ट मैरिज कर ली थी और एटा में रहने लगा था। कुछ समय बाद दीवान उसे वहां से भी भगा लाया था।
दीवान की वह प्रेमिका अब कहां है? किस हाल में है? इसके बारे में किसी को कुछ भी नहीं पता। बकौल पुलिस मोना भी अय्याश है। पूछताछ में उसने बताया कि उसके कई युवतियों से संबंध रहे हैं। मुख्य रूप से आठ लोगों के इस गैंग का संचालन मोना और उसका साथी दीवान सिंह ही करते थे। दोनों गैंग के साथ हर वारदात में साथ रहते थे। पुलिस अभी तक गैंग के पांच लोगों को जेल भेज चुकी है। वहीं, पूरे गैंग को साफ करने के काम में तेजी के साथ जुटी हुई है। प्रभारी एसपी ओमप्रकाश सिंह की मानें तो जल्द ही इस गैंग का खात्मा किया जाएगा। सभी सदस्य सलाखों के पीछे होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मोना उर्फ यादवेंद्र और दीवान सिंह की क्षेत्र में दहशत थी। रंगदारी वसूलने के साथ शुरू हुआ यह सिलसिला लगातार जारी था। आठ लोगों के इस अंतरराज्यीय गैंग ने नोएडा, एटा, फिरोजाबाद समेत कई जनपदों में हत्या, लूट, डकैती की वारदातों को अंजाम दिया। कुछ ही दिनों में मोना, दीवान सिंह पर इनाम घोषित कर दिए गए थे। अपराध के साथ दीवान सिंह के प्रेम संबंध एक गैर संप्रदाय की युवती से हो गए थे। दोनों साथ रहने लगे थे फिर एक पंचायत के बाद युवती को छोड़ दिया था। गैंग के दूसरे सदस्य ने दीवान की छोड़ी प्रेमिका से कोर्ट मैरिज कर ली थी और एटा में रहने लगा था। कुछ समय बाद दीवान उसे वहां से भी भगा लाया था।
विज्ञापन
दीवान की वह प्रेमिका अब कहां है? किस हाल में है? इसके बारे में किसी को कुछ भी नहीं पता। बकौल पुलिस मोना भी अय्याश है। पूछताछ में उसने बताया कि उसके कई युवतियों से संबंध रहे हैं। मुख्य रूप से आठ लोगों के इस गैंग का संचालन मोना और उसका साथी दीवान सिंह ही करते थे। दोनों गैंग के साथ हर वारदात में साथ रहते थे। पुलिस अभी तक गैंग के पांच लोगों को जेल भेज चुकी है। वहीं, पूरे गैंग को साफ करने के काम में तेजी के साथ जुटी हुई है। प्रभारी एसपी ओमप्रकाश सिंह की मानें तो जल्द ही इस गैंग का खात्मा किया जाएगा। सभी सदस्य सलाखों के पीछे होंगे।
विज्ञापन