मथुरा: करोड़ों रुपये की संपत्ति हड़पने के आरोप में कॉलेज संचालक का बेटा गिरफ्तार
इस मामले में जनवरी में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। आरोपी की अग्रिम जमानत कोर्ट से याचिका खारिज होने के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की है।
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मथुरा में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर करोड़ों रुपये की संपत्ति हड़पने के आरोप में कॉलेज संचालक के बेटे को रविवार रात थाना छाता पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जनवरी में रिपोर्ट दर्ज होने के बाद कोर्ट से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तार की है।
इस मामले में पीड़िता ललिता शर्मा पत्नी बालकृष्ण शर्मा निवासी चारबाग कॉलोनी गिरधरपुर रोड (थाना हाईवे) ने जनवरी में छाता कोतवाली में गिर्राज महाराज कॉलेज के संचालक गोपाल प्रसाद शुक्ला, उनके पुत्र आदित्य शुक्ला निवासी आर्मी गार्डन कृष्णानगर और रामवीर पुत्र विपती निवासी सेही और जीतपाल पुत्र भूप सिंह निवासी अलवाई के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
यह है मामला
पीड़िता ने कहा कि उसके पिता मुरलीधर शुक्ला निवासी ग्राम सेही ने पुत्र न होने के चलते अपनी पंजीकृत वसीयत 9 दिसंबर 2020 में पांचों पुत्रियों रामेश्वरी, हरदेवी तिवारी, विशाखा शर्मा, संगीता अधिकारी और स्वयं ललिता शर्मा के नाम की थी। इस मामले में गवाह के तौर पर रामवीर सिंह और जीतपाल सिंह ने हस्ताक्षर हुए थे।
पीड़िता के पिता का देहांत 19 मार्च 2021 को हो गया, जिसके बाद ये सभी बहनें संपत्ति की मालिक हुई और अपने-अपने हिस्से पर कब्जा ले लिया। ललिता के सगे चाचा गोपाल प्रसाद शुक्ला और उनके पुत्र आदित्य शुक्ला ने करोड़ों रुपये की संपत्ति को हड़पने के लिए षड्यंत्र रचा और शहर के अस्पताल से एक फर्जी डिस्चार्ज स्लिप बनवाई।
आरोप है कि मुरलीधर को अस्पताल में भर्ती होना दर्शाया, जबकि पीड़िता का कहना है कि इस दिन रजिस्ट्रार छाता के कार्यालय में वसीयत पंजीकरण के वक्त वे खुद मौजूद रहे। उनकी फोटो और अंगूठा निशानी बायोमैट्रिक मशीन पर हुए थे।
यह लगाया आरोप
आरोप है कि पिता-पुत्र ने जमीन हड़पने के लिए वसीयत के गवाहों को भी प्रलोभन देकर उनसे शपथपत्र लिखवा लिए। आदित्य शुक्ला ने इन फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से न्यायालय में वाद दायर किया और अपने नाम के दत्तक ग्रहण के आधार पर मुरलीधर की संपत्तियों का उत्तराधिकारी बनाकर उन्हें हड़पने का प्रयास किया। पीड़िता ने बताया कि पूरा मामला करीब 22-23 बीघा खेत और अन्य संपत्तियों का है।