{"_id":"5abca60e4f1c1be3298b4854","slug":"agra-toilets-in-built-house-by-selling-grain","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"शौचालय बनवाने के लिए छोड़ दिया खाना-पीना, फिर पति को पूरी ही करनी पड़ी 'जिद'","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शौचालय बनवाने के लिए छोड़ दिया खाना-पीना, फिर पति को पूरी ही करनी पड़ी 'जिद'
न्यूज डेस्क अमर उजाला आगरा
Updated Thu, 29 Mar 2018 02:08 PM IST
विज्ञापन
इस महिला ने जिद कर बनवाया शौचालय
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा में खुले में शौच करने की आदत त्यागने के लिए जनपद में लोग एक से बढ़कर एक मिसाल पेश कर रहे हैं। हाल ही में बिचपुरी ब्लॉक के गांव खासपुर ग्राम में पॉप सिंह ने पत्नी की जिद को पूरा करने के लिए घर में साल भर खाने के लिए इकट्ठा किया अनाज बेचकर शौचालय बनवा दिया।
शौचालय का नाम भी उसने ‘पत्नी की जिद पर बना शौचालय’ रखा है। प्रशासन ने पॉप सिंह के इस कदम की काफी सराहना की है सीडीओ ने उन्हें प्रोत्साहन राशि देने की बात कही है।
पॉप सिंह ने बताया घर में शौचालय नहीं होने से पिछले कई दिनों से पत्नी सुनीता देवी कलह कर रही थी, खाना-पीना भी बंद कर दिया था। उसके पैसे नहीं होने के चलते वह मजबूर था। कर्ज लेकर शौचालय बनवाना चाहता था, लेकिन घर में कुछ भी गिरवी रखने लायक नहीं था।
विज्ञापन
इस पर उसने साल भर खाने के लिए रखे अनाज को ही बेचकर शौचालय निर्माण कराने का निर्णय लिया और एक सप्ताह के भीतर पत्नी को शौचालय का तोहफा दिया। पॉप सिंह बताते हैं कि अब साल भर अधिक मेहनत मजदूरी कर घर में खाने के लिए अनाज की व्यवस्था करेंगे।
विज्ञापन
शौचालय का नाम भी उसने ‘पत्नी की जिद पर बना शौचालय’ रखा है। प्रशासन ने पॉप सिंह के इस कदम की काफी सराहना की है सीडीओ ने उन्हें प्रोत्साहन राशि देने की बात कही है।
विज्ञापन
पॉप सिंह ने बताया घर में शौचालय नहीं होने से पिछले कई दिनों से पत्नी सुनीता देवी कलह कर रही थी, खाना-पीना भी बंद कर दिया था। उसके पैसे नहीं होने के चलते वह मजबूर था। कर्ज लेकर शौचालय बनवाना चाहता था, लेकिन घर में कुछ भी गिरवी रखने लायक नहीं था।
विज्ञापन
इस पर उसने साल भर खाने के लिए रखे अनाज को ही बेचकर शौचालय निर्माण कराने का निर्णय लिया और एक सप्ताह के भीतर पत्नी को शौचालय का तोहफा दिया। पॉप सिंह बताते हैं कि अब साल भर अधिक मेहनत मजदूरी कर घर में खाने के लिए अनाज की व्यवस्था करेंगे।
शाैचालय
सुनीता देवी ने बताया कि घर में शौचालय नहीं होने से वह पिछले काफी सालों से परेशान थीं। कई बार पति से कहा, लेकिन हर बार आर्थिक तंगी सामने आ जाती थी।
खेत में शौच के लिए जाना पड़ता था। इसमें काफी शर्म आती थी। कुछ दिनों पहले उसने टॉयलेट एक प्रेम कथा फिल्म देखी। जिसमें हीरोइन ससुराल में शौचालय नहीं होने से पति को छोड़कर मायके रहने लगती है और शौचालय बनने के बाद भी ससुराल जाती है।
उसी फिल्म को देखकर मुझमें साहस जागा। पति से शौचालय बनवाने की जिद कर डाली और पति ने जिद के आगे हारकर अनाज बेचकर शौचालय बनवाया। बहुत खुश हूं। शौचालय ही घर की इज्जत होती है।
खेत में शौच के लिए जाना पड़ता था। इसमें काफी शर्म आती थी। कुछ दिनों पहले उसने टॉयलेट एक प्रेम कथा फिल्म देखी। जिसमें हीरोइन ससुराल में शौचालय नहीं होने से पति को छोड़कर मायके रहने लगती है और शौचालय बनने के बाद भी ससुराल जाती है।
उसी फिल्म को देखकर मुझमें साहस जागा। पति से शौचालय बनवाने की जिद कर डाली और पति ने जिद के आगे हारकर अनाज बेचकर शौचालय बनवाया। बहुत खुश हूं। शौचालय ही घर की इज्जत होती है।
दी जाएगी प्रोत्साहन राशि
सीडीओ रविंद्र कुमार मांदड़ का कहना है कि स्वच्छता की अलख अब गांवों में जल चुकी है। लोग शौचालय बनवाने के लिए जागरूक हो रहे हैं।
पॉप सिंह का प्रयास काफी सराहनीय है। उनकी पात्रता की शर्त देखकर प्रशासन की ओर से शौचलय के लिए 12 हजार प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
पॉप सिंह का प्रयास काफी सराहनीय है। उनकी पात्रता की शर्त देखकर प्रशासन की ओर से शौचलय के लिए 12 हजार प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।